Rourkela News: केंद्र सरकार की ओर से गुरुवार को देश भर के 10 नये स्थानों पर इएसआइसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल बनाने की घोषणा की गयी है. लेकिन ओडिशा का राउरकेला सर्वोत्कृष्ट स्थान होने के बाद भी इस अस्पताल के लिए राजधानी भुवनेश्वर का चयन किया गया है. जबकि इसके लिए केंद्रीय मंत्री सह सुंदरगढ़ सांसद जुएल ओराम व रघुनाथपाली विधायक दुर्गाचरण तांती लगातार केंद्रीय श्रम मंत्री से मिलकर तथा खत लिखकर ध्यान आकर्षित कराते रहे हैं. लेकिन नतीजा सिफर रहा है. जिससे अंचल के निवासियों में गहरा आक्रोश देखा जा रहा है.
देश के 10 राज्यों में इएसआइसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल बनाने की मिली है मंजूरी
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के अधीनस्थ कर्मचारी राज्य बीमा निगम की ओर से पत्र क्रमांक एल-11/12/3/2024/दिनांक 14.01.26 के जरिये वर्ष 2026-27 के लिए देश के 10 राज्यों में इएसआइसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल की स्थापना की मंजूरी दी गयी है. इसमें पश्चिम बंगाल के आसनसोल, ओडिशा के भुवनेश्वर के अंधरु्आ, पुणे महाराष्ट्र के बिब्बेवाड़ी, मारगांव गोवा, विशाखापत्तनम, आंध्र प्रदेश, पांडुनगर, कानपुर, उत्तरप्रदेश, नागपुर, महाराष्ट्र, सूरत, गुजरात, कोल्लाम, केरल, मानसेर, हरियाणा में इएसआइसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल बनाने की घोषणा की गयी है.
इएसआइसी मेडिकल कॉलेज एक्शन कमेटी और राउरकेला एयरपोर्ट एक्शन कमेटी ने किया प्रदर्शन
इसके प्रतिवाद में गुरुवार की शाम इएसआइसी मेडिकल कॉलेज राउरकेला एक्शन कमेटी और राउरकेला एयरपोर्ट एक्शन कमेटी के बैनर तले बिरसा चौक पर प्रदर्शन किया गया. इस प्रदर्शन में केंद्रीय मंत्री सह सांसद जुएल ओराम की ओर से केंद्रीय श्रम मंत्री का ध्यान आकर्षित कराने के बाद भी इस न्यायोचित मांग पर ध्यान नहीं दिये जाने पर नाराजगी जतायी गयी. प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यह इंडस्ट्रियल वर्कर्स का पैसा है और इसका इस्तेमाल राउरकेला के लिए होना चाहिए. उन्होंने चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो वे आर्थिक नाकाबंदी करेंगे. साथ ही प्रदर्शनकारियों ने इस बात पर भी नाराजगी जतायी कि राजधानी भुवनेश्वर में पहले से ही 14 प्लास इएसआइसी टाइ-अप हॉस्पिटल और 22 प्लस मेडिकल कॉलेज हैं. आगामी दिनों में इस आंदोलन को और तेज करने की चेतावनी दी गयी है. इस प्रदर्शन में कमेटी से जुड़े बिमल बिसी, दिगंबर मोहंती समेत अन्य व्यक्तियों के अलावा सेक्टर-20 महिला एससी-एसटी संगठन की महिलाएं भी शामिल रहीं.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

