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राजनीति: रामदास सोरेन के बेटे सोमेश सोरेन को मिलेगी उनकी जगह! राज्यसभा में शिबू सोरेन का स्थान किसे देगा झामुमो?

Updated at : 19 Aug 2025 8:30 AM (IST)
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Shibu Soren and Ramdas Soren

Shibu Soren and Ramdas Soren

Jharkhand News: राज्यसभा सदस्य शिबू सोरेन और राज्य के शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन के निधन के बाद राज्यसभा और कैबिनेट में एक-एक जगह खाली है. रामदास सोरेन की जगह उनके बेटे सोमेश सोरेन को मिलने की संभावना काफी प्रबल है. लेकिन, राज्यसभा में शिबू सोरेन का स्थान झामुमो किसे देता है, यह देखना काफी दिलचस्प होगा.

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Jharkhand News: एक माह एक भीतर राज्य ने दो बड़े नेताओं को खो दिया है. दिशोम गुरु शिबू सोरेन और रामदास सोरेन के निधन से राज्य की राजनीति में बड़ा असर पड़ा है. आने वाले कुछ दिनों के भीतर सरकार और झामुमो को कई बड़े फैसले लेने होंगे. शिबू सोरेन के निधन के बाद राज्यसभा की सीट खाली हो गयी है. वहीं राज्य के शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन के निधन से कैबिनेट में भी एक जगह खाली है.

सोमेश सोरेन का नाम लगभग तय

झामुमो सूत्रों के अनुसार आने वाले समय में रामदास सोरेन के बड़े पुत्र सोमेश चंद्र सोरेन को कैबिनेट में उनकी जगह मिल सकती है. मालूम हो स्व रामदास के तीन बेटे हैं. सोमेश अपने पिता रामदास सोरेन के समय से ही उनके साथ राजनीति में सक्रिय रहे हैं. विधानसभा क्षेत्र में अपने पिता का काम देखते रहे हैं. हालांकि इस पूरे मामले में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को फैसला लेना है. परिवार के लोगों के साथ सीएम लगातार संपर्क में हैं.

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घाटशिला विधानसभा में उपचुनाव

रामदास सोरेन के निधन के बाद घाटशिला विधानसभा में उपचुनाव होना तय है. छह महीने के अंदर ही चुनाव कराये जाने की वैधानिक बाध्यता है. घाटशिला के उपचुनाव में इंडिया गठबंधन की तस्वीर लगभग साफ है. यह सीट झामुमो की है. झामुमो रामदास सोरेन के परिवार के बीच ही इस सीट की बागडोर देगा. रामदास सोरेन के बड़े बेटे सोमेश चंद्र सोरेन के चुनाव लड़ने की प्रबल संभावना है. पारिवारिक सूत्रों की मानें, तो यह लगभग तय है.

राज्यसभा में एक सीट खाली

शिबू सोरेन का राज्यसभा में कार्यकाल 21 जून 2026 तक था. उनके निधन के बाद राज्यसभा में एक सीट खाली हो गयी है. राज्यसभा का चुनाव होता है, तो झामुमो के अंदर कई नेता रेस में होंगे. शिबू सोरेन जैसे कद्दावर नेता की जगह पार्टी को नाम तय करने होंगे. झामुमो की कोशिश होगी कि ऐसे उम्मीदवार का चयन हो, जिससे एक पॉलिटिकल मैसेज भी जायें. पार्टी कैडर और शिबू सोरेन के नजदीक रहे लोगों को मौका मिल सकता है.

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Dipali Kumari

लेखक के बारे में

By Dipali Kumari

नमस्कार! मैं दीपाली कुमारी, एक समर्पित पत्रकार हूं और पिछले 3 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हूं. वर्तमान में प्रभात खबर में कार्यरत हूं, जहां झारखंड राज्य से जुड़े महत्वपूर्ण सामाजिक, राजनीतिक और जन सरोकार के मुद्दों पर आधारित खबरें लिखती हूं. इससे पूर्व दैनिक जागरण आई-नेक्स्ट सहित अन्य प्रतिष्ठित समाचार माध्यमों के साथ भी कार्य करने का अनुभव है.

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