जेबीवीएनएल को 523 करोड़ कम मिला राजस्व

Published at :12 Jul 2020 2:51 AM (IST)
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जेबीवीएनएल को 523 करोड़ कम मिला राजस्व

DALTANGANJ: Heavy cloud surrounded on sky ahead of rain at Daltanganj under Palamu district of Jharkhand on Sunday. Photo: SANJIB KUMAR DUTTA

झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड (जेबीवीएनएल) को लॉकडाउन अवधि के दौरान राजस्व में भारी कमी आयी है. चार माह में 523 करोड़ रुपये कम मिले हैं. जेबीवीएनएल औसतन प्रतिमाह 300 करोड़ रुपये की बिजली बिल की वसूली करता है. लेकिन, मार्च से ही लोग बिजली बिल जमा नहीं कर रहे हैं.

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रांची : झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड (जेबीवीएनएल) को लॉकडाउन अवधि के दौरान राजस्व में भारी कमी आयी है. चार माह में 523 करोड़ रुपये कम मिले हैं. जेबीवीएनएल औसतन प्रतिमाह 300 करोड़ रुपये की बिजली बिल की वसूली करता है. लेकिन, मार्च से ही लोग बिजली बिल जमा नहीं कर रहे हैं.

इसके कारण राजस्व कम होता गया है. अप्रैल और मई माह में लॉकडाउन में विशेष छूट नहीं थी. इसके कारण अप्रैल में केवल 93 करोड़ रुपये राजस्व वसूली हुई. मई माह में 119 करोड़ रुपये ही मिले. मार्च के अंतिम सप्ताह में लॉकडाउन लगा था. इसके कारण इस माह 255 करोड़ रुपये मिले. मार्च में 43 करोड़ रुपये कम मिले हैं. जून से अनलॉक वन आरंभ हो गया, पर जून में भी राजस्व कुछ हद तक ही बढ़ पाया है. बताया गया कि 30 जून तक 210 करोड़ रुपये ही मिले हैं. हालांकि अंतिम रूप से जून के राजस्व की गणना नहीं हो सकी है.

डीवीसी का बकाया 400 करोड़ हो गया: डीवीसी व एनटीपीसी से बिजली खरीद कर जेबीवीएनएल आपूर्ति करता है. अप्रैल से जून माह तक डीवीसी का बकाया बढ़कर 400 करोड़ रुपये हो गया है. डीवीसी लगभग 150 करोड़ रुपये की बिजली झारखंड को आपूर्ति करता है. एनटीपीसी का भी बकाया बढ़ कर 150 करोड़ रुपये के करीब हो गया है.

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