Coronavirus Outbreak : हिंदपीढ़ी में विधि-व्यवस्था के लिए मुसलिम पुलिस अफसरों की फौज उतारी

Author : AmleshNandan Sinha Published by : Prabhat Khabar Updated At : 05 Apr 2020 4:48 AM

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रिम्स के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कोरोना के एक संदिग्ध मरीज की मौत हो गयी है. शव को पोस्टमॉर्टम के लिए रख लिया गया है. मरीज को कोरोना का संदिग्ध पाये जाने के बाद शुक्रवार को रिम्स के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया था. भर्ती करने के बाद उसका सैंपल लिया गया था जिसकी जांच रिपोर्ट अभीतक नहीं आयी है.

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हिंदपीढ़ी में विधि-व्यवस्था के लिए मुसलिम पुलिस अफसरों की फौज उतारी

हिंदपीढ़ी में विधि-व्यवस्था संभालने के साथ लॉकडाउन को सफल बनाने और स्क्रीनिंग में सहयोग कराने के लिए अलग से मुसलिम पुलिस अफसरों को चिह्नित कर उनकी फौज उतारी गयी है. मुसलिम पुलिस अफसरों में डीएसपी रैंक के चार अधिकारी हैं.

झारखंड में कोरोना संदिग्‍ध की मौत, जांच रिपोर्ट का इंतजार

रिम्स के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कोरोना के एक संदिग्ध मरीज की मौत हो गयी है. शव को पोस्टमॉर्टम के लिए रख लिया गया है. मरीज को कोरोना का संदिग्ध पाये जाने के बाद शुक्रवार को रिम्स के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया था. भर्ती करने के बाद उसका सैंपल लिया गया था जिसकी जांच रिपोर्ट अभीतक नहीं आयी है.

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कोरोना पीड़ित मलयेशियाई महिला की होगी दोबारा जांच

रिम्स के कोविड-19 अस्पताल में भर्ती मलयेशियाई महिला के कोराना वायरस की दोबारा जांच की प्रकिया पर विचार किया जा रहा है. सूत्रों की मानें, तो महिला की दोबारा जांच के लिए सैंपल मंगलवार या बुधवार को लिया जा सकता है. जांच कर डॉक्टर यह देखेंगे कि महिला में कोरोना वायरस है या नहीं. महिला में 31 मार्च को कोरोना वायरस की पुष्टि हुई थी, इसके बाद उसे कोविड-19 अस्पताल में भर्ती कराया गया. अभी अस्पताल में भर्ती महिला को पांच दिन ही हुए हैं, इसलिए डॉक्टर हड़बड़ी में जांच कराना नहीं चाहते हैं. दवाओं का कोर्स भी अभी पूरा नहीं हुआ है.

विशेषज्ञों ने बताया कि डब्ल्यूएचओ की गाइडलाइन के अनुसार एक सप्ताह बाद ही मरीज की दोबारा जांच करायी जा सकती है. दोबारा जांच कर यह देखा जाता है कि मरीज के शरीर में कोरोना वायरस है या समाप्त हो गया है. अगर जांच रिपोर्ट निगेटिव आती है, तो एक सप्ताह बाद मरीज की फिर से जांच की जाती है. अगर इस जांच में भी कोरोनावायरस की पुष्टि नहीं होती है, तब मरीज को अस्पताल से छुट्टी दे दी जाती है. वहीं, अगर जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आती है तो फिर दवा का कोर्स चलाया जाता है. उसके बाद फिर जांच करायी जाती है.

तीसरे दिन भी हिंदपीढ़ी में की गयी स्क्रीनिंग, 6690 लोगों की हुई जांच

हिंदपीढ़ी से कोरोना पॉजिटिव मरीज मिलने के बाद शनिवार को लगातार तीसरे दिन हिंदपीढ़ी में लोगों की जांच की गयी. जिला प्रशासन की टीम ने इस दौरान हिंदपीढ़ी और आसपास के इलाकों में लोगों की स्क्रीनिंग की. इस दौरान जिला प्रशासन की प्रशिक्षित टीम 1187 घरों के साथ 8 मस्जिदों में पहुंची. यहां सभी से उनके स्वास्थ्य संबंधी जानकारी के साथ-साथ उनके ट्रैवल हिस्ट्री के बारे में बताया गया.

लोगों में कोरोनावायरस का संक्रमण है या नहीं, इस संबंध में उनसे विस्तार से जानकारी हासिल की गयी. लोगों को बताया गया कि अगर बुखार, गले में खरास, खांसी और सांस लेने में परेशानी है, तो ऐसी स्थिति में तुरंत जिला प्रशासन को जानकारी दें. जिला प्रशासन की टीम द्वारा इस दौरान 6690 लोगों की स्क्रीनिंग की गयी. ज्ञात हो कि शुक्रवार को 28996 लोगों की स्क्रीनिंग की गयी थी.

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By AmleshNandan Sinha

अमलेश नंदन सिन्हा प्रभात खबर डिजिटल में वरिष्ठ पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता में 20 से अधिक वर्षों का अनुभव है. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई करने के बाद से इन्होंने कई समाचार पत्रों के साथ काम किया. इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत रांची एक्सप्रेस से की, जो अपने समय में झारखंड के विश्वसनीय अखबारों में से एक था. एक दशक से ज्यादा समय से ये डिजिटल के लिए काम कर रहे हैं. झारखंड की खबरों के अलावा, समसामयिक विषयों के बारे में भी लिखने में रुचि रखते हैं. विज्ञान और आधुनिक चिकित्सा के बारे में देखना, पढ़ना और नई जानकारियां प्राप्त करना इन्हें पसंद है.

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