कोयला खदानों का रिजल्ट आउट! CCL की 3 खदानें बनीं '5 स्टार', तो 4 खदानें रेटिंग की रेस से हुईं बाहर

सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड का शानदार प्रदर्शन
कोयला मंत्रालय ने वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए कोयला खदानों की नई स्टार रेटिंग जारी की है. सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (CCL) का प्रदर्शन सराहनीय रहा, जिसमें तीन खदानों को 'फाइव स्टार' रेटिंग मिली है. वहीं, चार खदानें इस बार रेटिंग की दौड़ से बाहर हो गईं.
रांची से मनोज सिंह की रिपोर्ट
रांची : कोयला मंत्रालय ने वित्तीय वर्ष 2024-25 में किए गए प्रदर्शन के आधार पर देश की कोयला खदानों की नई स्टार रेटिंग जारी कर दी है. इस बार के नतीजों में सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल) ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है. सीसीएल अपने कमांड एरिया में कुल 37 खदानों में माइनिंग का काम संभाल रहा है, जिसमें से तीन खदानों को शीर्ष 'फाइव स्टार' रेटिंग से नवाजा गया है. इसके अलावा कंपनी की चार खदानों को फोर स्टार, 12 खदानों को थ्री स्टार, 10 खदानों को टू स्टार और तीन खदानों को एक स्टार रेटिंग दी गई है. हालांकि सीसीएल की चार खदानें इस बार फीकी रहीं और उन्हें कोई भी रेटिंग नहीं मिल सकी है. दिलचस्प बात यह है कि फोर स्टार रेटिंग पाने वाली खदानों में दो अंडरग्राउंड (भूमिगत) खदानें भी शामिल हैं, जबकि एक अंडरग्राउंड खदान थ्री स्टार हासिल करने में कामयाब रही है.
क्या है स्टार रेटिंग का गणित
मंत्रालय हर साल कोयला कंपनियों के काम-काज, सुरक्षा और उनके वित्तीय प्रदर्शन को परखकर यह रेटिंग तय करता है. इस बार खदानों की कड़ी परीक्षा ली गई थी, जिसमें 90 फीसदी से अधिक अंक हासिल करने वाली खदानों को ही फाइव स्टार का वीआईपी दर्जा मिला है. वहीं 80 से 90 फीसदी अंक लाने वाली खदानों को फोर स्टार रेटिंग से संतोष करना पड़ा है. अगर पूरे देश के स्तर पर बात करें तो कोल इंडिया ने कुल 382 खदानों का रिपोर्ट कार्ड जारी किया है. इस राष्ट्रीय सूची में देश की 50 खदानों को फाइव स्टार का सर्वोच्च सम्मान मिला है, जबकि 120 खदानों को फोर स्टार, 112 को थ्री स्टार, 42 को टू स्टार और 17 खदानों को एक स्टार रेटिंग मिली है. देश की 47 खदानें ऐसी भी रहीं जो इस बार खाता खोलने में भी नाकाम रहीं और उन्हें कोई रेटिंग नहीं मिली.
ये भी पढ़ें: जमशेदपुर हिमांशु मर्डर केस: आरोपी राहुल दुबे को भेजा गया जेल, खून से सना 'चापड़' बरामद
सीसीएल की किस खदान को मिला कौन सा स्टार
सीसीएल के अंतर्गत फोर स्टार रेटिंग पाने वाली वीआईपी खदानों में चुरी, ढोरी खास, भुरकुंडा और गिद्दी सी ने बाजी मारी है. वहीं थ्री स्टार रेटिंग पाने वाली खदानों में पुरनाडीह, परेज ईस्ट, गिद्दी ए, तापिन साउथ, जरंगडीह, केडीएच, रजरप्पा, रेलीगढ़ा, एएडीओसीएम, तोपा आरओ, उरीमारी और केदला ने अपनी जगह पक्की की है. इसके बाद औसत प्रदर्शन करते हुए टू स्टार रेटिंग की श्रेणी में कथारा, डकरा ओपीसी, कारो एक्सपेंशन, गोविंदपुर फेज-2, झारखंड ओसी, रोहिनी ओसीपी, सयाल डी और सिरका ओसीपी शामिल हुए हैं. दूसरी तरफ बेहद कमजोर प्रदर्शन के कारण सारुबेड़ा, कोनार एक्सपेंशन और बोकारो ओपीसी को सिर्फ एक स्टार रेटिंग से ही काम चलाना पड़ेगा. इन सब के बीच मगध, कबरीबाद, करमा ओसीपी और सेलेक्टेड ढोरी खदान का प्रदर्शन ऐसा रहा कि इन्हें रेटिंग की इस रेस से पूरी तरह बाहर ही कर दिया गया है.
ये भी पढ़ें: कोडरमा स्टेशन पर चलती ट्रेन से उतरते समय यात्री घायल, आरपीएफ ने बचाई जान
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By समीर उरांव
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










