मेदिनीनगर : तदान की पवित्रता बनी रहे, इसके लिए गुप्त मतदानका प्रावधान है. आयोग के प्रावधान के मुताबिक मतदान कक्ष में मतदान करते हुए मतदाता की फोटोग्राफी करने की मनाही है.
ऐसा इसलिए कि फोटोग्राफी करने से गुप्त मतदान की गोपनीयता भंग होती है. इसलिए चुनाव में ड्यूटी में जो पदाधिकारी व कर्मी लगाये जाते हैं, उन्हें चुनाव के पूर्व जो प्रशिक्षण दिया जाता है, उसमें इसकी जानकारी भी दी जाती है. लेकिन शनिवार को मतदान के दौरान विधायक आलोक चौरसिया ने ही मतदान की गोपनीयता भंग की है. ऐसा उनके द्वारा फेसबुक वाल पर पोस्ट की गयी तसवीर से पता चल रहा है.
डालटनगंज के विधायक श्री चौरसिया द्वारा शनिवार को अपने फेसबुक वाल पर सात फोटो पोस्ट किये गये हैं. इसमें एक तसवीर यह भी है, जिसमें उन्हें मत पत्र में वोट देते हुए दिखाया गया है. यह तसवीर विधायक के पैतृक गांव के मतदान केंद्र की है. ऐसे में यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि गुप्त मतदान करने का यह कौन सा तरीका अपनाया गया है.
