गायत्री अस्पताल में महिला की मौत, तोड़फोड़

Updated at : 11 Feb 2015 10:55 AM (IST)
विज्ञापन
गायत्री अस्पताल में महिला की मौत, तोड़फोड़

झुमरीतिलैया : बाइपास स्थित गायत्री हॉस्पिटल में सोमवार की देर रात महिला मरीज की मौत के बाद परिजनों ने हंगामा किया. तोड़-फोड़ की. परिजनों ने हॉस्पिटल संचालक डॉक्टर अरुण कुमार पर ऑपरेशन के दौरान लापरवाही बरतने व बाद में गलत इलाज करने का आरोप लगाया. पुलिस बल व प्रशासनिक अधिकारी के पहुंचने के बाद किसी […]

विज्ञापन
झुमरीतिलैया : बाइपास स्थित गायत्री हॉस्पिटल में सोमवार की देर रात महिला मरीज की मौत के बाद परिजनों ने हंगामा किया. तोड़-फोड़ की. परिजनों ने हॉस्पिटल संचालक डॉक्टर अरुण कुमार पर ऑपरेशन के दौरान लापरवाही बरतने व बाद में गलत इलाज करने का आरोप लगाया. पुलिस बल व प्रशासनिक अधिकारी के पहुंचने के बाद किसी तरह मामला शांत हुआ. इस दौरान लोगों की पुलिस से भी बहस हुई.
सारो देवी (पति स्व नवल किशोर यादव, निवासी बिरजामू बगड़ो, डोमचांच) का ऑपरेशन इसी अस्पताल में पांच माह पूर्व हुआ था. मृतका के बेटे पिंकेश कुमार यादव ने आरोप लगाया कि डॉ अरुण कुमार ने बच्चेदानी के ऑपरेशन के दौरान डुप्लीकेट जाली लगाया. कुछ दिन बाद दर्द बढ़ा, तो डॉ अरुण ने कहा कि हर्निया हो गया है.
ऑपरेशन करना पड़ेगा. फिर ऑपरेशन नहीं कर बेल्ट लगाने की सलाह दी. सोमवार को दर्द बढ़ने पर मां को अस्पताल लाया. उसे एक इंजेक्शन दिया गया. इसके कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गयी. इधर, मौत की सूचना मिलने पर कई लोग अस्पताल पहुंचे और हंगामा करने लगे.
मरीज की मौत के बाद डॉ अरुण कुमार व अन्य स्टाफ नर्स अस्पताल छोड़ कर फरार हो गये. देर रात 11 बजे तक लोग डॉक्टर को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे. देर रात पुलिस, प्रशासन व शहर के कई डॉक्टरों की मौजूदगी में बातचीत हुई और मरीज के परिजन बिना किसी लिखित शिकायत के अपने घर चले गये.
तीन थानों की पुलिस पहुंची, उलङो लोग : अस्पताल में हंगामे करे रहे लोगों को शांत कराने के लिए तिलैया थाना प्रभारी केपी यादव, कोडरमा थाना प्रभारी शिवनाथ प्रसाद, चंदवारा थाना प्रभारी हरिनंदन सिंह के अलावा प्रशिक्षु डीएसपी विकास चंद्र श्रीवास्तव, बीडीओ प्रभाष कुमार दत्ता, सीओ अतुल कुमार सहित कई पदाधिकारी अस्पताल पहुंचे.
रात आठ बजे महिला की मौत होने के साथ ही कुछ राजनीतिक दल के लोग भी मामले को सलटाने में लगे रहे. आधा घंटा के अंदर ही समझौता पत्र तैयार हो गया. पुलिस ने इस पर परिजनों को हस्ताक्षर करने को कहा, तो परिजनों ने गुस्से में आ कर कागजात को फाड़ दिया. लोगों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी भी की. मौके पर कोडरमा के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ चंद्रमोहन कुमार भी मौजूद थे.
पैसे लेकर पुलिस करवा रही है हस्ताक्षर : समझौता पत्र फाड़ते हुए महिला के परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस गलत कागजात पर हस्ताक्षर करने को कह रही थी. इस लिए फाड़ दिया गया. लोगों ने कहा कि पुलिस डॉक्टर से पैसा लेकर हस्ताक्षर करना चाह रही है. लोग इस बात पर अड़े रहे कि जब तक डॉक्टर नहीं आते, शव को उठाने नहीं दिया जायेगा.
इधर, इस संबंध में मंगलवार को पूछे जाने पर तिलैया थाना प्रभारी केपी यादव ने कहा कि महिला के परिजनों ने लिख कर दिया कि हमें किसी से कोई शिकायत नहीं है और न ही पोस्टमार्टम करवाना है. इसलिए पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की.
अस्पताल में नहीं था : डॉ अरुण
इस संबंध में अपना पक्ष रखते हुए डॉ अरुण कुमार ने कहा कि वे सोमवार को अस्पताल में नहीं थे. यह सही है कि कुछ माह पहले मैंने महिला का ऑपरेशन किया था, पर महिला की मौत अस्पताल लाने के पहले ही हो गयी थी.
पिछले एक वर्ष में चार मरीजों की मौत : गायत्री अस्पताल में पिछले एक वर्ष में चार मरीजों की मौत हो चुकी है. हर बाद परिजनों ने डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाया और बाद में समझौता हो गया.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola