खूंटी. एदेल संगा पड़हा राजा सोमा मुंडा हत्याकांड में शामिल सात आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. वहीं हत्याकांड को अंजाम देने वाले शूटर्स अब भी पुलिस के गिरफ्त से बाहर हैं. पुलिस की अब तक की कार्रवाई से आदिवासी संगठन संतुष्ट नहीं है. आदिवासी समन्वय समिति सहित विभिन्न आदिवासी संगठनों ने 17 जनवरी को झारखंड बंद का आह्वान किया है. इसे लेकर गुरुवार को प्रेस कांफ्रेंस कर आदिवासी समन्वय समिति के अध्यक्ष चंद्रप्रभात मुंडा, केंद्रीय संयोजक मार्शल बारला, संयोजक दुर्गावती ओड़ेया, केंद्रीय सदस्य महादेव मुंडा ने कहा कि यह बंद किसी राजनीतिक उद्देश्य से नहीं, बल्कि न्याय की मांग और आदिवासी समाज की अस्मिता की रक्षा के लिए किया जा रहा है. अध्यक्ष चंद्रप्रभात मुंडा ने कहा कि बंद को लेकर 16 जनवरी को करम अखाड़ा से नेताजी चौक तक मशाल जुलूस निकाला जायेगा. बंद में स्कूल सहित आवश्यक सेवा को बंद से मुक्त रखा गया है. उन्होंने कहा कि पुलिस ने 72 घंटे में हत्यारों और साजिशकर्ता को गिरफ्तार करने का दावा किया था, लेकिन आठ दिनों के बाद भी मुख्य साजिशकर्ता और हत्यारे पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं. पुलिस कुछ लोगों को गिरफ्तार कर केस खत्म मान रही है. हत्याकांड में शामिल लोगों को पुलिस गिरफ्तार करे. निर्दोष को तंग नहीं करे. आगे कहा कि सोमा मुंडा राजनीति से ऊपर उठ कर समाज के लिए काम करते थे. उनकी हत्या से समाज को बड़ी क्षति हुई है. जब तक साजिशकर्ता और हत्यारे पुलिस के पकड़ से बाहर रहेंगे. लोग सुरक्षित महसूस नहीं करेंगे. उन्होंने बंद के लिए सभी से सहयोग की अपील की. वहीं सरकार से सोमा मुंडा के परिजनों को मुआवजा देने, उनके स्कूल को गोद लेने की मांग की. मौके पर जॉनसन होरो, अल्बर्ट होरो, चार्ल्स पाहन, बलवती भेंगरा, कलावती भेंगरा, बहा लिंडा सहित अन्य उपस्थित थे.
सोमा मुंडा हत्याकांड
सोमा हत्याकांड में हुई गिरफ्तारी को आदिवासी संगठनों ने नकारा
हत्यारों को गिरफ्तार करे पुलिस, निर्दोष लोगों को तंग नहीं करे
स्कूल सहित आवश्यक सेवा को बंद से मुक्त रखा गया हैB
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