कुंडहित. वेनेजुएला पर अमेरिकी हमले के विरोध में सीपीआईएम जिला कमेटी की ओर से रविवार को प्रखंड के सियारशुली गांव में नुक्कड़ सभा की गयी. इस अवसर पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पुतला दहन किया गया. सीपीआईएम के प्रखंड सचिव सुकुमार बाउरी ने कहा कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा वेनेजुएला के राष्ट्रपति एवं उनकी पत्नी को आंखों पर पट्टी बांधकर अमेरिका लाया जाना मानवाधिकारों का घोर उल्लंघन है. उन्होंने कहा कि वेनेजुएला में वामपंथी सरकार एक उदाहरण है, लेकिन अमेरिका वहां के तेल भंडार पर कब्जा जमाने की नीयत से दादागिरी कर रहा है. उन्होंने आरोप लगाया कि वेनेजुएला के निर्वाचित राष्ट्रपति अपने देश को बेहतर ढंग से चला रहे थे, लेकिन अमेरिकी हस्तक्षेप से देश को सैन्य ताकत के बल पर तहस-नहस किया गया. इसी के विरोध में सीपीआईएम द्वारा पुतला दहन कर कड़ा विरोध दर्ज कराया गया. कहा कि अमेरिका ने दक्षिण अमेरिका के एक छोटे-से देश, जहां की आबादी मात्र 3 करोड़ है, वेनेजुएला पर अचानक हमला कर दिया है. इसकी दुनिया भर में निंदा हो रही है. भारत की कम्युनिस्ट पार्टी मार्क्सवादी ने भी इस अमेरिकी हमले की कड़ी से कड़ी निंदा करते हुए भर्त्सना की है एवं पार्टी की केंद्रीय कमेटी ने निर्णय लिया है कि पूरे देश भर में अमेरिकी साम्राज्यवाद की दादागिरी के खिलाफ विरोध अभियान चलाया जाए. मौके पर निखिल बाउरी, जोगाई डोम, रोहित बाउरी, अमर मंडल, श्याम बाउरी, सुंदर राउत, इंद्रजीत डोम, काजल घोड़ई, चांदी डोम सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित थे. सीपीआईएम ने की नुक्कड़ सभा, डोनाल्ड ट्रंप का किया पुतला दहन : विद्यासागर. सीपीआईएम करमाटांड़ की ओर से गणपत महतो चौक में रविवार को नुक्कड़ सभा का आयोजन किया गया. इस अवसर पर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पुतला दहन किया गया. नुक्कड़ सभा में सीपीआईएम सचिव मंडल सदस्य सुरजीत सिन्हा, राज्य कमेटी सदस्य लखनलाल मंडल, जिला कमेटी सचिव सुजीत माजी एवं जिला कमेटी के अन्य सदस्य गोविंद पंडित, चंडीदास पुरी, मीर कासिम, साबिर हुसैन आदि मौजूद रहे. सभा में वक्तव्य रखते हुए वक्ताओं ने अमेरिकी साम्राज्यवाद की इस हमले की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि वेनेजुएला में दुनिया का सबसे अधिक खनिज तेल का भंडार है. उस पर कब्जा जमाने के लिए अमेरिका द्वारा यह हमला किया गया, जिस तरह से पूर्व में इराक पर झूठा आरोप लगाकर तत्कालीन इराक के राष्ट्रपति सद्दाम हुसैन की मृत्युदंड घोषणा की गयी थी और पूरे इराक के तेल क्षेत्र पर अमेरिका ने अपना कब्जा कायम किया था. ठीक उसी प्रकार इस बार भी वेनेजुएला पर हमला कर वेनेजुएला के राष्ट्रपति मादुरा पर आरोप लगाकर कार्रवाई करते हुए यह हमला किया गया है. यह एक मामूली हमला नहीं है. यह एक साम्राज्यवाद द्वारा उपनिवेशवादी युद्ध की घोषणा है.
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