1. home Hindi News
  2. state
  3. jharkhand
  4. jamshedpur
  5. former cm raghubar das wrote a letter to cm hemant on the guidelines issued on chhath puja saying government should allow worship in ponds on the lines of bihar smj

पूर्व सीएम रघुवर दास ने छठ पूजा को लेकर जारी गाइडलाइन पर सीएम हेमंत को लिखा पत्र, बोले- बिहार की तर्ज पर तालाबों में पूजा की अनुमति दे सरकार

By Prabhat khabar Digital
Updated Date
Jharkhand news : छठ पूजा को लेकर हेमंत सरकार की ओर से जारी गाइडलाइन का हो रहा विरोध. पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ने सीएम हेमंत सोरेन को पत्र लिख कर छूट देन की कही बात.
Jharkhand news : छठ पूजा को लेकर हेमंत सरकार की ओर से जारी गाइडलाइन का हो रहा विरोध. पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ने सीएम हेमंत सोरेन को पत्र लिख कर छूट देन की कही बात.
सोशल मीडिया.

Chhath Puja 2020 : जमशेदपुर (पूर्वी सिंहभूम) : राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री एवं भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रघुवर दास (Former Chief Minister and National Vice President of BJP Raghubar Das) ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन (CM Hemant Soren) को एक पत्र लिखकर लोक आस्था के महापर्व छठ व्रत पर बिहार की तरह झारखंड के तालाबों में सूर्य को अर्घ्य देने की अनुमति प्रदान करने का आग्रह किया है. अपने पत्र में श्री दास ने कोविड-19 के मद्देनजर राज्य सरकार द्वारा छठ व्रत पर जारी गाइडलाइन में संशोधन का आग्रह किया है.

श्री दास ने कहा कि सरकार द्वारा जारी गाइडलाइन में इस बार छठ महापर्व के दौरान किसी भी नदी, लेक, डैम या तालाब के छठ घाट पर किसी तरह के कार्यक्रम के आयोजन की मनाही की गयी है. लोगों से अपने घरों में ही यह महापर्व मनाने का आग्रह किया गया है. उन्होंने इस संबंध में बिहार सरकार द्वारा जारी गाइडलाइन की चर्चा करते हुए आग्रह किया है कि झारखंड में भी शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में अवस्थित छोटे तालाबों पर छठ महापर्व के आयोजन (अर्घ्य देने) की अनुमति देते हुए इसके दौरान मास्क के प्रयोग एवं सोशल डिस्टेंसिंग के मानको का अनुपालन का दिशा-निर्देश निर्गत किया जाये.

छठ व्रत जीवन में नूतन संकल्प शक्ति का सूत्रपात करें

श्री दास ने छठ महापर्व के अवसर पर जमशेदपुर सहित देश के सभी व्रतधारियों एवं श्रद्धालुओं को हार्दिक शुभकामना देते हुए कहा है कि यह व्रत उनके जीवन में नूतन संकल्प का सूत्रपात करें. उनमें नवीन ऊर्जा आये और वे राष्ट्र को उन्नति करने में अपना योगदान दें. उन्होंने सूर्य को शक्ति, तेज और प्रकाश का प्रतीक बताते हुए कहा कि छठ व्रत पूरी दुनिया में विभिन्न जनसमुदाय द्वारा अत्यंत श्रद्धा एवं भक्तिभाव से मनाया जाता है. सूर्य के प्रति समर्पित यह व्रत भारतीय संस्कृति का अभिन्न अंग है. यह व्रत व्यक्ति, परिवार और समाज के चतुर्दिक विकास से जुड़ा महापर्व है.

तुष्टिकरण के कारण लोकआस्था के पर्व की उपेक्षा पर उतरी हेमंत सरकार : कुणाल षाड़ंगी

वहीं, दूसरी ओर बीजेपी के प्रदेश प्रवक्ता सह पूर्व विधायक कुणाल षाड़ंगी ने छठ महापर्व पर हेमंत सरकार की ओर से जारी गाइडलाइंस पर विरोध जताया है. उन्होंने इस गाइडलाइंस को हेमंत सरकार का तुगलकी फरमान करार दिया. झारखंड सरकार एक धर्म विशेष की आस्था का जानबूझकर उपेक्षा कर रही है. हमेशा हिंदुओं के बड़े त्योहारों पर अंतिम समय में गाइडलाइंस जारी होते हैं, जिससे असमंजस की स्थिति बनी रहती है.

श्री षाड़ंगी ने नदी और तालाबों में सार्वजनिक छठ पूजा करने पर पाबंदी को अविवेकपूर्ण और लोकआस्था पर कुठाराघात बताया. कहा कि बिहार समेत अन्य प्रदेशों में तालाबों में छठ व्रत करने की छूट है, लेकिन झारखंड सरकार ने सख्ती से पाबंदी लागू कर के लोकआस्था का अपमान और उपेक्षा की है. उन्होंने मुख्यमंत्री से छठ महापर्व की गाइडलाइंस पर पुनर्विचार करने और जरूरी छूट देने का आग्रह किया.

भारतीय जनता पार्टी ने राज्य सरकार की मंशा पर सवाल उठाते हुए कहा कि कोरोना संक्रमण की इतनी चिंता थी, तो चुनावी रैलियों में मुख्यमंत्री समेत कैबिनेट मंत्रियों, विधायकों ने कोविड प्रोटोकॉल का उल्लंघन क्यों किया? आपदा प्रबंधन विभाग ने सख्त कार्रवाई क्यों नहीं की.

भाजपा प्रवक्ता ने झामुमो विधायक कुमार सुदिव्य के बयान का समर्थन करते हुए कहा कि आपदा प्रबंधन विभाग ही राज्य में असल आपदा है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस के इशारों पर हिंदू त्योहारों और लोकआस्था पर गैरजरूरी पाबंदियां अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है. हेमंत सरकार द्वारा छठ को लेकर जारी गाइडलाइन पर बीजेपी ने सरकार से अविलंब पुनर्विचार कर जरूरी संशोधन करने की मांग की है.

Posted By : Samir Ranjan.

Share Via :
Published Date
Comments (0)
metype

संबंधित खबरें

अन्य खबरें