Jamshedpur News : सुवर्णरेखा नदी में डूबे सूरज का शव बरामद, परिजनों ने बिना पोस्टमॉर्टम के किया अंतिम संस्कार

Edited by RAJESH SINGH
Updated:
विज्ञापन

Jamshedpur News : भुइयांडीह बाबूडीह झरना घाट स्थित सुवर्णरेखा नदी में डूबे सूरज सांडिल का शव गुरुवार को परिजनों और स्थानीय लोगों ने बरामद कर लिया.

विज्ञापन

बस्तीवासियों में प्रशासन केखिलाफ आक्रोश, पानी की समस्या को बताया मौत की बड़ी वजह

Jamshedpur News :

भुइयांडीह बाबूडीह झरना घाट स्थित सुवर्णरेखा नदी में डूबे सूरज सांडिल का शव गुरुवार को परिजनों और स्थानीय लोगों ने बरामद कर लिया. शव मिलने की सूचना के बाद सिदगोड़ा थाना की पुलिस बाबूडीह स्थित कोंदा बस्ती पहुंची, लेकिन उन्हें देखकर परिजन और बस्तीवासी आक्रोशित हो गये. लोगों ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया और कहा कि दो दिनों तक कोई सरकारी मदद नहीं मिली. पुलिस ने परिजनों से शव का पोस्टमॉर्टम कराने की बात कही, मगर परिजनों ने मना कर दिया. कहा कि शव पानी में काफी देर रहने के कारण खराब हो चुका है और अब वे पोस्टमॉर्टम नहीं कराना चाहते. इसके बाद परिजन शव को टेंपो में लेकर नदी किनारे ले गये, जहां उसको दफना दिया गया. सूरज सांडिल साकची हाई स्कूल में आठवीं कक्षा का छात्र था, जबकि उसके साथ डूबा निखिल महानंद मुखी विवेकानंद हाई स्कूल में नौंवी कक्षा में पढ़ता था. निखिल का शव बुधवार को बरामद किया गया था. दोनों की मौत से कोंदा बस्ती में मातम का माहौल है. परिजनों और स्थानीय लोगों ने बताया कि मंगलवार दोपहर करीब 2 से 3 बजे के बीच सूरज, निखिल और सूरज नायक नदी में नहाने गये थे. इसी दौरान सूरज और निखिल डूब गये. यह जानकारी सूरज नायक ने परिजनों को दी. इसके बाद लोगों ने स्थानीय विधायक और प्रशासन से मदद की गुहार लगायी. विधायक ने बताया कि उपायुक्त से बात हो चुकी है और जल्द ही एनडीआरएफ की टीम पहुंचेगी, लेकिन दो दिन बीतने के बाद भी कोई मदद नहीं मिली. अंततः बस्तीवासियों ने ही दोनों के शव को बरामद किया.

नहाने के लिये नदी जाना मजबूरी, पानी की है समस्या

स्थानीय लोगों ने बताया कि उन्हें नहाने के लिए नदी जाना मजबूरी है, क्योंकि बस्ती में पानी की भारी किल्लत है. ना चापाकल है और ना ही कोई जलापूर्ति की व्यवस्था. चुनाव के समय नेता आते हैं, वादे करते हैं, लेकिन उसके बाद कोई सुध लेने नहीं आता. बस्तीवासियों ने मांग की है कि क्षेत्र में पानी की समस्या का स्थायी समाधान निकाला जाये, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं न हों.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
RAJESH SINGH

लेखक के बारे में

By RAJESH SINGH

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola