फोन से कई बार जीशान से होती थी बातचीत
डीबीएमएस कदमा से स्कूली पढ़ाई की थी जिशान ने
जमशेदपुर : दिल्ली पुलिस द्वारा सऊदी से गिरफ्तार जाकिरनगर रोड नंबर 14 के संदिग्ध आतंकी सैय्यद मोहम्मद जीशान अली के पिता सैय्यद आरआइ हैदर ने कहा कि उनके बेटे को फंसाया जा रहा है. उन्होंने बताया कि जीशान ने कदमा डीबीएमएस से स्कूल की पढ़ाई की फिर मुबंई एमबीए करने चला गया. एमबीएम के दौरान ही उसे सऊदी की एक कंपनी में मार्केटिंग का जॉब मिल गया.
इसके बाद वह सऊदी चला गया. उनकी हमेशा जीशान से मोबाइल पर बातचीत होती थी, लेकिन उनका दूसरा बेटा आर्शियान के बारे में कुछ भी पता नहीं चल रहा है. वह दो वर्ष से लापता है. सैय्यद आरआइ हैदर ने बताया कि एक वर्ष पूर्व भी एटीएस और दिल्ली पुलिस की टीम उनके घर आयी थी. जीशान और अर्शियान के बारे में पूछताछ की थी,
जो जानकारी थी वो उन्हें दे दी गयी थी. सैय्यद आरआइ हैदर ने बताया कि मामले में क्या सच्चाई है, इसके बारे में वह कुछ नहीं बता सकते. साथ ही उन्होंने बताया कि दोनों का कोई अपराधिक रिकॉर्ड नहीं था, वहीं जीशान पढ़ाई में भी ज्यादा रुचि रखता था.
वकील को दी है जानकारी, आगे मामला वही देखेंगे
सैय्यद आरआइ हैदर ने कहा कि जीशान के बारे में वह ज्यादा कुछ नहीं बताना चाहते हैं. उन्होंने वकील को उसके गिरफ्तारी की सूचना दे दी है. वकील मामला को देखेंगे. वर्ष 2016 में धातकीडीह के अब्दुल समी की गिरफ्तारी के बाद उनके दोनों बेटे जीशान और अर्शियान के गायब रहने और आतंकी गतिविधियों से जुड़े रहने की बात सामने आयी थी.
जीशान की गिरफ्तारी को लेकर हैरान हैं लोग
जिशान की गिरफ्तारी को लेकर स्थानीय लोग काफी हैरान हैं. आसपास के लोगों के बीच जीशान की गिरफ्तारी चर्चा का विषय बना हुआ है. जीशान के पकड़े जाने के बाद उसके परिवार के लोगों ने अपने आप को घर में कैद कर लिया है. परिवार के लोग ग्रील में तालाबंद कर घर में रह रहे हैं. यदि कोई मिलने भी जा रहा है तो परिवार के लोग उनसे बात नहीं कर रहे हैं.
आतंकी डॉ सबील की बहन से हुई है शादी
अलकायदा के झारखंड मॉड्यूल को आर्थिक रूप से मदद करने का काम डॉ सबील अहमद करता था. डॉ सबील की बहन की शादी आतंकी कटकी ने जीशान से करायी थी. डॉ सबील वर्ष 2007 में लंदन के ग्लास्गो इंटरनेश्नल हवाई अड्डा पर हमला करने का मास्टर माइंड कफील अहमद का भाई है. कटकी वर्ष 2003 से अर्शियान को जानता था और वह धार्मिक समारोह के सिलसिले में जमशेदपुर आता-जाता था. अर्शियान के जरिये जीशान कटकी के संपर्क में आया था. कटकी ने पूछताछ में खुलासा किया था कि उसने अर्शियान, डॉ सबील और सऊदी के अपने अन्य संपर्कों के जरिये कई युवाओं को पाकिस्तान के आतंकी शिविरों में प्रशिक्षण के लिए भेजा था, जिसमें झारखंड के युवा के भी शामिल होने की आशंका है.
