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हेमंत सोरेन 7 को ले सकते हैं मुख्यमंत्री पद की शपथ, चंपाई सोरेन ने कल दिया था इस्तीफा

Updated at : 04 Jul 2024 11:25 AM (IST)
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Hemant Soren Oath News: झारखंड के नए मुख्यमंत्री के रूप में हेमंत सोरेन 7 जुलाई को पद एवं गोपनीयता की शपथ लेंगे. उनके साथ कई मंत्री भी शपथ ले सकते हैं.

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Hemant Soren Oath News: हेमंत सोरेन 7 जुलाई को झारखंड के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ले सकते हैं. उनके साथ कई मंत्री भी शपथ ले सकते हैं. सूत्रों ने यह खबर दी है. एक दिन पहले ही इंडिया गठबंधन के विधायक दल की बैठक में हेमंत सोरेन को फिर से विधायक दल का नेता चुना गया. इसके बाद झारखंड के मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया.

सरकार बनाने की सारी प्रक्रिया हो चुकी है पूरी : हेमंत सोरेन

हेमंत सोरेन से पत्रकारों ने जब पूछा कि नई सरकार का शपथ ग्रहण कब होगा, तो उन्होंने कहा कि इसके बारे में आपलोगों को बता दिया जाएगा. सरकार बनाने की सारी प्रक्रिया पूरी कर ली गई है. सूत्रों के हवाले से खबर आ रही है कि हेमंत सोरेन 7 जुलाई को कुछ मंत्रियों के साथ पद एवं गोपनीयता की शपथ लेंगे.

मंत्रिमंडल में 3 नए चेहरों को मिल सकती है जगह

नई सरकार में झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो), कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के विधायकों को मंत्री बनाया जाएगा. हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि किन लोगों को मंत्री बनाया जाएगा. चंपाई सोरेन कैबिनेट के सभी पुराने मंत्रियों को हेमंत सोरेन के नए मंत्रिमंडल में भी बरकरार रखा जाएगा या किसी को हटाया भी जा सकता है. चर्चा है कि मंत्रिमंडल में 3 नए चेहरे शामिल हो सकते हैं.

मीर ने कहा था- कांग्रेस के एक मंत्री का कामकाज संतोषजनक नहीं

कांग्रेस पार्टी के कोटे के एक मंत्री जेल में बंद हैं. उनकी जगह एक विधायक को मंत्री बनाया जा सकता है. कांग्रेस कोटे के एक मंत्री को बदला भी जाना है. झारखंड प्रभारी गुलाम अहमद मीर ने आम चुनाव से पहले ही संकेत दिए थे कि एक मंत्री के कामकाज से पार्टी खुश नहीं है. उसकी जगह किसी और को मंत्री बनाया जा सकता है. हालांकि, उस मंत्री का नाम अब तक सार्वजनिक नहीं किया गया है.

वर्तमान में झारखंड के मुख्यमंत्री कौन हैं?

झारखंड के मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन ने इस्तीफा दे दिया है. उनकी जगह हेमंत सोरेन मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे. जब तक हेमंत सोरेन पद एवं गोपनीयता की शपथ नहीं ले लेते, तब तक चंपाई सोरेन कार्यवाहक मुख्यमंत्री के रूप में काम करते रहेंगे.

चंपाई सोरेन ने इस्तीफा क्यों दिया?

प्रवर्तन निदेशालय ने कथित जमीन घोटाला मामले में हेमंत सोरेन को गिरफ्तार कर लिया था. जेल जाने से पहले हेमंत सोरेन ने इस्तीफा दिया और उनकी जगह चंपाई सोरेन को झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ दिलाई गई. 5 महीने बाद हेमंत सोरेन को हाईकोर्ट ने आरोपों से बरी कर दिया. जेल से रिहा होने के बाद झामुमो-कांग्रेस-राजद गठबंधन के विधायक दल की बैठक हुई, जिसमें हेमंत सोरेन को विधायक दल का नेता चुना गया. तय हुआ कि हेमंत सोरेन फिर से सरकार की अगुवाई करेंगे. इसलिए चंपाई सोरेन को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा.

हेमंत सोरेन कब लेंगे मुख्यमंत्री पद की शपथ?

हेमंत सोरेन 7 जुलाई को झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में फिर से शपथ ले सकते हैं. उनके साथ कुछ मंत्री भी शपथ लेंगे, ऐसी उम्मीद है. हेमंत सोरेन को झामुमो-कांग्रेस-राजद गठबंधन के विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद चंपाई सोरेन को इस्तीफा देना पड़ा. अब हेमंत सोरेन फिर से सीएम के रूप में शपथ लेंगे. 7 जुलाई को अगर हेमंत सोरेन शपथ लेते हैं, तो वह झारखंड के 13वें मुख्यमंत्री बन जाएंगे. इसके पहले भी 2 बार हेमंत सोरेन झारखंड के मुख्यमंत्री रह चुके हैं.

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Mithilesh Jha

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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