टैक्स में हो गयी बढ़ोतरी, पर सुविधाएं सिफर

Published at :07 Oct 2017 11:34 AM (IST)
विज्ञापन
टैक्स में हो गयी बढ़ोतरी, पर सुविधाएं सिफर

हजारीबाग : नगर निगम क्षेत्र में रहनेवाले शहरवासियों पर होल्डिंग टैक्स का बोझ बढ़ा है, जबकि लोगों को मिलनेवाली नागरिक सुविधा व संसाधनों में कमी आयी है. नगर निगम की ओर से पहले सलाना करीब दो करोड़ रुपये टैक्स की वसूली का लक्ष्य होता था, जो अब बढ़ कर करीब 7.90 करोड़ रुपये टैक्स वसूली […]

विज्ञापन
हजारीबाग : नगर निगम क्षेत्र में रहनेवाले शहरवासियों पर होल्डिंग टैक्स का बोझ बढ़ा है, जबकि लोगों को मिलनेवाली नागरिक सुविधा व संसाधनों में कमी आयी है.
नगर निगम की ओर से पहले सलाना करीब दो करोड़ रुपये टैक्स की वसूली का लक्ष्य होता था, जो अब बढ़ कर करीब 7.90 करोड़ रुपये टैक्स वसूली लक्ष्य हो गया. टैक्स बढ़ने के पूर्व नगर निगम के 31 वाहनों से शहर की साफ-सफाई होती थी, लेकिन अब टैक्स बढ़ने के बाद सफाई वाहनों की संख्या घटकर 19 हो गयी है. इससे शहर की सफाई नियमित नहीं हो पाती है. शेष 12 वाहन वर्षों से खराब पड़े हुए हैं. पिछले वर्ष 1994-95 में टैक्स का निर्धारण किया गया था.
इसके बाद अप्रैल 2016 से टैक्स को पुन: बढ़ाया गया, लेकिन नगर निगम के संसाधनों में कोई बढ़ोतरी नहीं की गयी है. 23 साल पूर्व से ही निर्धारित वार्डों में काम करनेवाले कर्मी आज भी काम कर रहे हैं, जबकि वार्ड का क्षेत्रफल व टैक्स वसूली लक्ष्य कई गुणा बढ़ा है. इसके बाद भी सफाई कर्मियों व संसाधन में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है.
होल्डिंग टैक्स का नया दर: होल्डिंग टैक्स का नया दर सड़क की चौडाई के आधार पर बढ़ी है. इसमें 20 फीट चौड़ी सड़क के किनारे बने पक्का मकान पर सालाना प्रति वर्ग फीट 65 रुपये, खपरैल मकान पर 26 रुपये व अन्य पर 13 रुपये की दर से टैक्स निर्धारित है. 20 से 40 फीट चौड़ी सड़क किनारे बने पक्का मकान 86 रूपया, खपरैल मकान 35 रूपया एवं अन्य 17 रूपया. 40 फीट से अधिक चौडी सडक के किनारे रहनेवाले को पक्का मकान पर 108 रूपया, खपरैल पर 43 रूपया एवं अन्य पर 22 रूपया टैक्स भुगतान करना होगा.
खाली जमीन का भी देना होगा टैक्स: नगर निगम क्षेत्र में अब खाली जमीन का रेंट जमीन मालिक को चुकाना पड़ेगा. इसके पूर्व खाली जमीन का किसी प्रकार का रेंट नहीं लगता था. खाली दर का निर्धारण सड़क की चौडाई के आधार पर किया गया है. यह दर जमीन मालिक को तिमाही भुगतान करना पड़ेगा. निर्धारित समय पर टैक्स नहीं देनेवाले जमीन मालिकों को जुर्माना भी भुगतान करना पड़ेगा.
नगर निगम क्षेत्र में कुल 26,667 होल्डिंगधारी हैं, जो सालाना 7.90 करोड़ रुपये टैक्स देते हैं.
हजारीबाग नगर निगम क्षेत्र में रहनेवाले लोग सालाना 6.22 करोड़ 48 हजार 346 रुपये होल्डिंग टैक्स देते हैं.
शहर के लोग पाइप लाइन से पानी उपयोग करने पर सालाना 6.80 लाख 400 वाटर यूजर चार्ज के रूप में टैक्स चुकाते हैं
शहरी क्षेत्र में व्यवसाय करने के लिए ट्रेड लाइसेंस के रूप में सालाना करीब एक करोड़ रुपये टैक्स देते हैं.
होल्डिंग टैक्स का पुराना दर
शहर में रहनेवाले लोग पहले सामान्य मकान पर 3.15 रुपये, मार्बल मकान पर सात रुपये, व्यवसायिक मकान पर 21.90 रुपये टैक्स चुकाते थे
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola