सांप्रदायिक एकता की मिसाल है गांडेय का बड़कीटांड़ दुर्गा मंडप, सभी त्योहार में रहती है दोनों समुदाय की भागीदारी

समशुल अंसारी, गांडेय : प्रखंड का बड़कीटांड़ दुर्गा मंडप सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल है. यहां न दुर्गा पूजा के अलावा मुहर्रम, छठ, होली-दिवाली में भी गंगा-जमुनी तहजीब झलकती है. जानकारी के अनुसार वर्ष 1941 में स्व. भोली दास ने बड़कीटांड़ हरिजन टोला में दुर्गा पूजा की शुरुआत की थी. कालांतर में स्व. दास के पुत्र […]
समशुल अंसारी, गांडेय : प्रखंड का बड़कीटांड़ दुर्गा मंडप सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल है. यहां न दुर्गा पूजा के अलावा मुहर्रम, छठ, होली-दिवाली में भी गंगा-जमुनी तहजीब झलकती है. जानकारी के अनुसार वर्ष 1941 में स्व. भोली दास ने बड़कीटांड़ हरिजन टोला में दुर्गा पूजा की शुरुआत की थी. कालांतर में स्व. दास के पुत्र राजकुमार दास के नेतृत्व में पूजा व मेले का स्वरूप बढ़ा और वर्तमान में दुर्गा मंडप भव्य मंदिर के रूप में विराजमान है. प्रारंभ काल से ही हिंदू-मुस्लिम मिलकर दुर्गा पूजा करते रहे हैं.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




