धनबाद: चिरकुंडा नगर पंचायत क्षेत्र में पीसीसी सड़क निर्माण में गबन का मामला उजागर होने पर डीसी ने गुरुवार को नगर पंचायत के तत्कालीन पदाधिकारी अरविंद कुमार, सहायक अभियंता अखिलेश प्रसाद एवं कनीय अभियंता को शो कॉज करते हुए योजना की रकम लौटाने का निर्देश दिया है. उन्होंने यह भी कहा है कि यह राशि लौटायी नहीं गयी तो उन पर आपराधिक मुकदमा किया जायेगा. डीसी के आदेश पर हुई जांच में गबन का मामला पकड़ाया था.
मालूम हो कि वार्ड संख्या 14 में प्रदीप राखा की दुकान से विमल चंद के आवास तक पीसीसी सड़क बनायी गयी थी. वहां के लोगों ने जब डीसी से शिकायत की तो उन्होंने एसडीओ अभिषेक श्रीवास्तव, एनआरइपी के सहायक अभियंता के नेतृत्व मे एक जांच दल गठित किया. उनलोगों ने दो जनवरी, 2015 को जांच करके अपनी जांच में प्राक्कलन राशि के अनुसार काम नहीं पाया. लेकिन उसका पूरा भुगतान कर दिया गया था. मामले को सरकारी राशि का गबन बताया गया.
वार्ड नंबर एक में भी ढाई लाख का गबन : इसी तरह वार्ड नंबर एक में भी एक गली में काम दिखा कर ढ़ाई लाख रुपये का भुगतान करने के मामले में संवेदक अशोक बंधु से राशि वापस करने को कहा गया है. नहीं देने पर उन पर भी क्रिमिनल केस दर्ज करने का निर्देश डीसी ने दिया है. वहां सड़क बताया गया है जबकि वहां गली है.
