देवघर : विधायक साइमन मरांडी का राजनीतिक सफर काफी दिलचस्प है. लिट्टीपाड़ा विधानसभा क्षेत्र उनका गढ़ माना जाता है. वह यहां से छह बार (1977, 1980, 1985, 2009, 2014 व 2017) विधायक रहे हैं.
अपना पहला चुनाव (1977) उन्होंने निर्दलीय लड़ा था. बाद में वह लगातार झामुमो की सीट पर चुनाव लड़े. इधर 2014 के चुनाव में झामुमो ने साइमन को टिकट नहीं दिया. इसके बाद वह भाजपा के प्रत्याशी बन गये. पर झामुमो से डॉ अनिल मुर्मू से वह चुनाव हार गये. यह अब तक की उनकी पहली व अकेली हार है. इस बीच झामुमो के टिकट पर ही साइमन राजमहल सीट से 1989 व 1991 में सांसद रहे.
