Chaibasa News : मांगों को लेकर गुवा में ठेका मजदूरों का प्रदर्शन आज, बसें रोकने की चेतावनी

जनरल ऑफिस के सामने करेंगे आंदोलन, मेडिकल सुविधा बहाल करने सहित कई मांगों को लेकर खोला मोर्चा
गुवा. विभिन्न मांगों को लेकर ठेका मजदूरों ने बुधवार देर शाम झारखंड मजदूर संघर्ष संघ के यूनियन कार्यालय में बैठक कर शुक्रवार शाम 4:00 बजे गुवा सेल प्रबंधन के खिलाफ जनरल ऑफिस के समक्ष आंदोलन करने का निर्णय लिया. साथ ही सेल कर्मचारियों को खदान क्षेत्र ले जाने वाली बसों को रोकने की भी घोषणा की गयी है.
मेडिकल सुविधा बहाल करने की मांग:
यूनियन के केंद्रीय अध्यक्ष रामा पांडे ने कहा कि कोलकाता स्थित सेल के गेस्ट हाउस में ठेका श्रमिकों को मिलने वाली मेडिकल सुविधा प्रबंधन द्वारा बंद कर दी गयी है. इसे अविलंब पुनः शुरू किया जाना चाहिए. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें नहीं मानी गयीं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा.सफाई कर्मियों की संख्या बढ़ाने का मुद्दा:
बैठक में बताया गया कि सफाई कर्मियों की संख्या बढ़ाने का आश्वासन पहले दिया गया था, लेकिन अब तक उस पर अमल नहीं हुआ है. यूनियन ने इसे गंभीर लापरवाही बताते हुए शीघ्र नियुक्ति की मांग की.स्किल्ड व सेमी स्किल्ड सूची व टेंडर प्रक्रिया:
यूनियन ने मांग की कि स्किल्ड और सेमी-स्किल्ड कर्मियों की सूची जल्द तैयार की जाए, क्योंकि संबंधित टेंडर प्रक्रिया शीघ्र होने वाली है. मजदूरों का कहना है कि सूची तैयार नहीं होने से स्थानीय कर्मियों को नुकसान हो सकता है.
आवास सुविधा में भेदभाव का आरोप
यूनियन ने आरोप लगाया कि सेल प्रबंधन ठेका कर्मियों को आवास उपलब्ध नहीं करा रहा है, जबकि ठेकेदारों को चार-पांच आवास दिये जा रहे हैं. उन्होंने इस व्यवस्था को तत्काल बंद कर ठेका कर्मियों को आवास सुविधा देने की मांग की.
स्थानीय युवाओं को बहाली में प्राथमिकता:
बैठक में यह भी मांग उठायी गयी कि स्थानीय युवा, जो अप्रेंटिस, इंजीनियरिंग एवं डिप्लोमा कर चुके हैं, उन्हें बहाली में प्राथमिकता दी जाए. साथ ही आसपास के गांवों के ग्रामीणों को भी रोजगार में वरीयता देने पर जोर दिया गया. बैठक में महामंत्री अंतर्यामी महाकुड़, सिकंदर पान सहित बड़ी संख्या में सफाई कर्मी, सप्लाई कर्मी एवं अन्य ठेका मजदूर उपस्थित थे. पहल नहीं होने पर आंदोलन चरणबद्ध तरीके से बढ़ाया जाएगा.
राजाबुरू खदान बंदी पर मुंडा मंगल पूर्ति ने जतायी आपत्ति
गुवा. गुवासाई के ग्रामीण मुंडा मंगल पूर्ति ने गुरुवार को प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि सारंड़ा विकास समिति जामकुंडिया-दुईया द्वारा रांजाबुरू खदान को 23 फरवरी से पूर्ण रूप से बंद कर दिया गया है. इस बंदी को लेकर दुईया गांव में दो दिन पूर्व बैठक आयोजित की गयी थी. जिसमें 10 गांवों के ग्रामीण मुंडा शामिल हुए. मंगल पूर्ति ने आरोप लगाया कि सारंडा पीढ़ के मानकी सुरेश चांपिया को इस महत्वपूर्ण बैठक में शामिल नहीं किया गया. जबकि गुवा सेल माइंस और राजाबुरू माइंस घाटकुडी कंपार्ट की सीमा क्षेत्र उनके अधिकार क्षेत्र में आता है. ऐसे में उन्हें बैठक से अलग रखना उचित नहीं है. उन्होंने यह भी कहा कि 18 गांवों को आंदोलन में शामिल होना है. उन्होंने स्पष्ट किया कि वे न तो पहले सारंडा विकास समिति जामकुंडिया-दुईया के समर्थन में थे और न ही आगे इस बंदी या आंदोलन का समर्थन करेंगे.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




