बोकारो, बोकारो रेलवे स्टेशन पर बाल मजदूरी के खिलाफ चलाये गये एक संयुक्त रेस्क्यू अभियान में सोमवार को छह बच्चों को तस्करों के चंगुल से बचाया गया. ये सभी बच्चे वास्को डी गामा साप्ताहिक एक्सप्रेस (ट्रेन नंबर 17322) से सिकंदराबाद ले जाये जा रहे थे. जस्ट राइट फॉर चिल्ड्रन और सहयोगिनी संस्थाओं ने रेलवे सुरक्षा बल, राजकीय रेलवे पुलिस और चाइल्ड लाइन के सहयोग से यह अभियान चलाया. सूचना के अनुसार, ट्रेन जसीडीह से चली थी और इसमें कुल छह बच्चों के साथ 2 तस्कर सवार थे, जिन्हें बाल मजदूरी कराने के लिए सिकंदराबाद ले जाया जा रहा था. रेस्क्यू के दौरान बच्चों के साथ सफर कर रहे दो तस्करों को भी गिरफ्तार किया गया. इनमें से एक तस्कर की पहचान धर्मेंद्र मांझी के रूप में हुई है. सभी बच्चों को तस्कर द्वारा बहला-फुसलाकर बाल मजदूरी के लिए ट्रैफिक किया गया था. इस सफल रेस्क्यू अभियान में जीआरपी के अंजनी कुमार, बोकारो रेलवे स्टेशन स्टेशन प्रबंधक अजय नाथ हलदार, आरपीएफ के अरुणा उरांव, धर्मेंद्र कुमार, दिनेश कुमार साव, चाइल्ड लाइन के विष्णु कुमार, राहुल कुमार महतो, जस्ट राइट फॉर चिल्ड्रन तथा सहयोगिनी के रवि कुमार, अनिल कुमार हेंब्रम शामिल थे. रेस्क्यू किए गए बच्चों को आगे की कानूनी प्रक्रिया और पुनर्वास के लिए चाइल्ड वेलफेयर कमेटी बोकारो के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा. पुलिस व आरपीएफ द्वारा तस्करों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है.
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