पीएम मोदी ने हाथ जोड़ कहा- पूरे देश को आपसे सीखने की जरूरत
Author : Pritish Sahay Published by : Prabhat Khabar Updated At : 08 Mar 2020 6:22 AM
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को देश भर के चुनिंदा जन औषधि केंद्रों के संचालकों व इसके उपभोक्ताओं को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये संबोधित किया. असम, जम्मू कश्मीर के पुलवामा, देहरादून, वाराणसी, तमिलनाडु के बाद पीएम मोदी मुजफ्फरपुर के लोगों से रूबरू हुए.
मुजफ्फरपुर : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को देश भर के चुनिंदा जन औषधि केंद्रों के संचालकों व इसके उपभोक्ताओं को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये संबोधित किया. असम, जम्मू कश्मीर के पुलवामा, देहरादून, वाराणसी, तमिलनाडु के बाद पीएम मोदी मुजफ्फरपुर के लोगों से रूबरू हुए. मुजफ्फरपुर के मिठनपुरा कन्हौली स्थित जन औषधि केंद्र के संचालक पंकज कुमार झा ने जब अपने संघर्ष की कहानी सुनायी तो पीएम भावुक हो गये. नक्सली हमले में उनका एक हाथ क्षतिग्रस्त होने के बाद इसे काटना पड़ा था.
पीएम ने हाथ जोड़ते हुए उन्हें नमन किया और कहा कि आज पूरे देश को आपसे सीखने की जरूरत है. पंकज ने पीएम से कहा कि एक हाथ कटने के बाद उनके सामने अपनी जिंदगी को संवारना बड़ी चुनौती हो गयी थी. लेकिन, आज जन औषधि केंद्र को खोल अपनी जिंदगी ही नहीं संवार रहे हैं, बल्कि प्रतिमाह सैकड़ों लोगों को कम कीमत पर अच्छी दवाइयां भी उपलब्ध करा रहे हैं.
शुरुआत में थोड़ी परेशानी हुई, लेकिन अब सब ठीक है. इस बात को सुन पीएम ने हाथ जोड़ते हुए कहा कि आज पूरे देश को आपसे सीखने की जरूरत है, क्योंकि नक्सली हमला में एक हाथ चला गया, लेकिन आपने हिम्मत नहीं हारी. प्रतिशोध की बजाय आपने अपनी शक्ति को लोगों की सेवा में लगा दिया है. पीएम मोदी ने कहा कि अाप देश के युवा साथी खासकर दिव्यांगों के लिए प्रेरणास्रोत हैं. इस दौरान केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ संजय जायसवाल, नगर विकास एवं आवास मंत्री सुरेश शर्मा आदि उपस्थित थे.
उत्तराखंड की दीपा ने कहा : आपको ईश्वर के रूप में देखा : उत्तराखंड की दीपा शाह ने पीएम से कहा कि मैंने ईश्वर को तो नहीं देखा, लेकिन आपको ईश्वर के रूप में देखा हूं. यह कहते हुए दीपा शाह भावुक हो गयी. कुछ देर के लिए पीएम भी भावुक हो गये. दीपा शाह ने बताया कि उन्हें पैरालसिस अटैक कर गया था. डॉक्टरों ने जवाब दे दिया था. इलाज के लिए जहां पहले 5,000 रुपये लगते थे. अब सिर्फ 1500 रुपये में दवाएं मिल जाती हैं.
मित्रों की टीम बना जेनेरिक दवाओं का प्रचार करें : जन औषधि (जेनेरिक दवाएं) के बारे में अनजान सुदूर ग्रामीण इलाके के लाेगों को जागरूक करने के लिए वाराणसी में गठित महिला मित्रों की टीम को देख मोदी काफी खुश हुए. वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के दौरान वाराणसी की जन औषधि केंद्र संचालिका ने इसके बारे में पीएम को बताया. उन्होंने ‘बनारस मॉडल’ की सराहना करते हुए देश के सभी जन औषधि केंद्र संचालक से महिला व पुरुष मित्रों का गठन कर गांव-गांव तक जेनेरिक दवा से होने वाले फायदे के बारे में लोगों को बताने की अपील की. कहा कि जेनेरिक दवाएं का उपयोग कर लोग स्वस्थ ही नहीं होंगे.
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