गर्मी से जनजीवन हुआ अस्त -व्यस्त

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गर्मी से जनजीवन हुआ अस्त -व्यस्त

रविवार को गर्मी ने दिनभर लाेगों का हाल बेहाल किया. सुबह से लेकर शाम तक तेज धूप के कारण लोगों का घर से निकलना दूभर हो गया. दोपहर में सड़कों पर बहुत कम लोग नजर आये. अधिकतम तापमान बढ़कर 39 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया. वहीं न्यूनतम तापमान भी 30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया.

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प्रतिनिधि, सीवान. रविवार को गर्मी ने दिनभर लाेगों का हाल बेहाल किया. सुबह से लेकर शाम तक तेज धूप के कारण लोगों का घर से निकलना दूभर हो गया. दोपहर में सड़कों पर बहुत कम लोग नजर आये. अधिकतम तापमान बढ़कर 39 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया. वहीं न्यूनतम तापमान भी 30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया. इस दौरान औसतन आर्द्रता 50 फीसदी रिकॉर्ड की गई. जून माह में पहली बार तापमान में इजाफा देखने को मिला है. गर्मी से तालाब तक सूख चुके हैं. सुबह में धूप निकली. जैसे-जैसे दिन चढ़ा, सूर्य के तेवर भी तीखे होते चले गये. सुबह 10 बजे के बाद धूप में घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया. जरूरी काम होने पर ही दोपहर में लोग घर से बाहर निकले गर्मी अधिक पड़ने से पंखे हांफ गए और कूलर व एसी में ही राहत मिल सकी. शाम को पांच बजे के बाद भी तेज धूप आंखों में चुभती रही. मौसम विशेषज्ञ डॉ मनोज कुमार गिरी ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ और वायुमंडलीय परिसंचरण के कारण मई में मौसम का मिजाज हर चार से पांच दिन में बदलता रहा. दो-तीन दिन की बात छोड़ दी जाए तो तापमान 36 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा. जून के शुरूआती दिनों से ही मौसम का तेवर तल्ख है. शनिवार तक ऐसे ही मौसम रहने का अनुमान है. इस दौरान आकाश में आंशिक रूप से बदल छाए रह सकते है. कुछ स्थानों पर गरज के साथ हल्की बारिश हो सकती है. अधिकतम तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस बढ़ सकता है. तेज धूप के कारण बिचड़ा लगाने से बच रहे किसान अभीरोहिणी नक्षत्र चल रहा है. इस नक्षत्र में किसान धान की नर्सरी लगाते हैं. मान्यता है कि रोहिणी नक्षत्र में नर्सरी लगाने से धान की अच्छी पैदावार होती है. धान की रोपाई के लिए किसान नर्सरी लगाना शुरू कर दिए है. तेज धूप के कारण कुछ किसान अभी तापमान गिरने का इंतजार कर रहे हैं. किसान ब्रजकिशोर यादव ने बताया कि धूप के कारण नर्सरी का पानी गर्म हो जाता है. इससे धान के बीज अंकुरित होने और उनके विकास में दिक्कत होती है. किसान मौसम नर्म होने का इंतजार कर रहे है. वहीं जो किसान नर्सरी लगा चुके हैं, उनके धान का बिचड़ा झुलस रहा है. खाली पेट धूप में निकलने से करें परहेज गर्मी और उमस से चिकित्सक लोगों को बचने की सलाह दे रहे है. डॉ संजय गिरी ने बताया कि खाली पेट बाहर नहीं निकलना चाहिए. लू लगने से बुखार होने के साथ सिर व बदन दर्द के साथ लूज मोशन होने का खतरा रहता है.

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