सीतामढ़ी. समाहरणालय में बुधवार को दो कर्मियों के बीच मारपीट की घटना हुई. कई कर्मी इस घटना के चश्मदीद गवाह बने. कर्मियों ने बीच-बचाव कर दोनों को अलग किया. वैसे घटना में एक कर्मी गंभीर रूप से जख्मी हो गए. उनका इलाज पीएचसी, डुमरा में हुआ. यह घटना जिला सामान्य प्रशाखा की है. इधर, घटना की जानकारी मिलते ही उक्त प्रशाखा के प्रभारी पदाधिकारी सह बेलसंड डीसीएलआर बिरजू दास ने कार्यालय में विवाद व मारपीट की घटना को गंभीरता से लेते हुए दोनों कर्मियों से स्पष्टीकरण पूछा है.
डीएम व एसपी से लिखित शिकायत
यह विवाद जिला प्रशाखा के प्रधान लिपिक सीताराम पासवान व लिपिक रामरेखा राम के बीच हुई है. इस संबंध में पासवान ने डीएम व एसपी को आवेदन देकर शिकायत की है. वहीं, प्राथमिकी के लिए डुमरा थाना में भी आवेदन देने की तैयारी कर रहे थे. पासवान ने डीएम व एसपी को जानकारी दी है कि लिपिक राम द्वारा उनसे पूछा गया कि “आवास वाले फाइल में तुम मेरे विरूद्ध टिप्पणी किया है, अभी तुमको बताते है “. इसके बाद राम ने उन्हें अपशब्द कहते हुए गर्दन पकड़ कर कुर्सी पर पटक दिया. फिर पत्थर का पेपर चला दिया, जिससे उनका सर फट गया. पासवान की माने, तो अत्यधिक ब्लड गिरने से वे बेहोश हो गए. बावजूद राम द्वारा उनकी गर्दन दबाकर उन्हें जान से मारने की कोशिश की गई. विभागीय कर्मियों ने बचाव किया, तो नजारत के कर्मियों ने उन्हें पीएचसी में भर्ती कराया.पासवान का अधिकारी पर भी आरोप
पासवान ने घटना के लिए प्रभारी पदाधिकारी दास पर भी आरोप लगाया है. पीएचसी में इलाज के दौरान मीडिया को बताया कि प्रभारी के शह पर ही लिपिक राम के द्वारा उनके साथ घटना कारित किया गया है. लिपिक राम ने बताया कि उन दोनों में विवाद हुआ है. टेबल पर गिरने से पासवान के सर में जख्म हुआ है. वे मारपीट नहीं किए है. इधर, प्रभारी श्री दास ने बताया, घटना के दौरान वे कार्यालय में नहीं थे. सूचना पर पहुंचे थे. दोनों से स्पष्टीकरण पूछा गया है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

