Sasaram News : सात दिनों में 170 बंध्याकरण व नौ नसबंदी
Published by : PRABHANJAY KUMAR Updated At : 18 Jul 2025 9:13 PM
जिला में जनसंख्या स्थिरता को लेकर 11 जुलाई से परिवार नियोजन पखवारे का शुभारंभ किया गया है.
सासाराम सदर. जिला में जनसंख्या स्थिरता को लेकर 11 जुलाई से परिवार नियोजन पखवारे का शुभारंभ किया गया है. इसके माध्यम से स्थायी व अस्थायी परिवार नियोजन की जानकारी दी जा रही है. दो या दो से अधिक बच्चे वाले लोगों को स्थायी परिवार नियोजन के लिए जागरूकता चला बंध्याकरण व नसबंदी के लिए प्रेरित किया जा रहा है. इस पखवारे के तहत अबतक जिला में निर्धारित लक्ष्य 2480 के अनुरूप 170 महिलाओं का बंध्याकरण और 237 के अनुरूप नौ पुरुषों का बंध्याकरण किया जा चुका है. अब तक कुल 179 पुरुष महिलाओं को साधन उपलब्ध करा दिया गया है और इसमें बढ़ोतरी हेतु जिला भर में आशा कर्मी समेत विभिन्न माध्यमों से जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक लोगों को अभियान के माध्यम से लाभ दिलाया जा सके. लक्ष्य प्राप्ति के लिए अभियान में लाएं तेजी वर्तमान समय में रोहतास जिला के लिए निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप स्थायी परिवार नियोजन की गति काफी धीमी है. इसको लेकर अभियान में लगे चिकित्सक व कर्मियों को कार्य में तेजी लाने के लिए सीएस ने निर्देश जारी किया है. उनके द्वारा सभी प्रखंड के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, बीसीएम, आशा फैसिलिटेटर व आशा कर्मियों के साथ लगातार वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से निर्देशित किया जा रहा है. डीपीसी सह प्रभारी डीसीएम संजीव मधुकर ने बताया कि परिवार नियोजन सेवा पखवार जिला में 31 जुलाई तक चलेगा. उन्होंने बताया कि परिवार नियोजन को लेकर लोगों में अभी भी जागरूकता का अभाव है. इसको लेकर आशा फैसिलिटेटर, बीसीएम, स्वास्थ्य कर्मियों व सहयोगी पार्टनर द्वारा लगातार जन जागरूकता चलाया जा रहा है. वर्तमान में अस्थायी साधनों में रोहतास जिले का बिहार में बेहतर स्थान है. बेहतर कार्य करने वाले स्वास्थ्य कर्मी होंगे सम्मानित परिवार नियोजन अभियान में बेहतर कार्य करने वाले स्वास्थ्य कर्मी के साथ आशा कर्मियों को जिला स्तर से लेकर राज्य स्तर तक सम्मानित किया जायेगा. इसके लिए राज्य व जिला स्वास्थ्य समिति द्वारा बेहतर कार्य करने वाले आशा कर्मियों, आशा फैसिलिटेटर, बीसीएम व एमओआईसी की रैंकिंग कर सम्मानित किया जायेगा. सिविल सर्जन डॉ मणिराज रंजन ने बताया कि सरकारी अस्पताल में बंध्याकरण व नसबंदी की हर सुविधाएं उपलब्ध है. अनुभवी चिकित्सकों द्वारा महिला बंध्याकरण व पुरुष नसबंदी निशुल्क किया जाता है. अभी भी बहुत ऐसे लोग है जो किसी भ्रम के कारण नसबंदी कराने से परहेज करते हैं. लेकिन, पुरुषों के लिए नसबंदी सरल और सुरक्षित है.
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