सहरसा में 6 महीने से मौत का कुआं बना था सड़क का गड्ढा, कार फंसते ही हरकत में आया प्रशासन

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सहरसा में 6 महीने से मौत का कुआं बना था सड़क का गड्ढा, कार फंसते ही हरकत में आया प्रशासन

खतरनाक गड्ढा कार फंसने के बाद भरा गया

Saharsa News: सहरसा के सुपर मार्केट के पास छह महीने से सड़क पर बना खतरनाक गड्ढा कार फंसने के बाद भरा गया. स्थानीय नागरिकों की पहल और डिप्टी मेयर के हस्तक्षेप से देर रात हुई कार्रवाई.

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सहरसा से विनय कुमार मिश्र.

Saharsa News: शहर के मुख्य बाजार स्थित सुपर मार्केट के पश्चिमी गेट और जिला गर्ल्स स्कूल के सामने पिछले करीब छह महीनों से सड़क पर बना गहरा गड्ढा राहगीरों और वाहन चालकों के लिए खतरे का कारण बना हुआ था. कई दुर्घटनाओं और लोगों के चोटिल होने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो पाया था. सोमवार की देर शाम एक कार इस गड्ढे में फंस गई, जिसके बाद स्थानीय नागरिकों की पहल और जनप्रतिनिधियों के हस्तक्षेप से देर रात गड्ढे को भरकर सड़क को समतल किया गया.

छह महीने तक बना रहा हादसों का कारण

स्थानीय लोगों के अनुसार यह गड्ढा लंबे समय से सड़क पर मौजूद था. प्रतिदिन हजारों लोग इस रास्ते से गुजरते हैं, लेकिन इसके बावजूद समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया. कई दोपहिया वाहन चालक यहां दुर्घटना का शिकार हुए और कई लोग चोटिल भी हुए. लोगों का कहना है कि लगातार शिकायतों के बावजूद स्थायी समाधान नहीं निकाला गया.

कार फंसते ही मची अफरातफरी

सोमवार की देर संध्या एक कार आवश्यक कार्य से गुजर रही थी, तभी वह गड्ढे में फंस गई. हालांकि राहत की बात रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ और वाहन पलटा नहीं. घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई. बाद में क्रेन की मदद से कार को बाहर निकाला गया.

नागरिकों की पहल से हरकत में आया प्रशासन

घटना के बाद स्थानीय लोगों ने जिलाधिकारी, नगर आयुक्त और डिप्टी मेयर से फोन पर संपर्क कर तत्काल कार्रवाई की मांग की. इसके बाद डिप्टी मेयर की पहल पर जेसीबी मशीन मौके पर भेजी गई. स्थानीय नागरिक भी देर रात तक वहां मौजूद रहे और गड्ढे को भरकर सड़क को समतल किए जाने के बाद ही वापस लौटे.

समय रहते टला बड़ा हादसा

स्थानीय लोगों का मानना है कि यदि समय रहते इस गड्ढे को नहीं भरा जाता तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता था. यह मार्ग शहर के सबसे व्यस्त इलाकों में से एक है, जहां हर दिन बड़ी संख्या में छात्र, अभिभावक, व्यवसायी और आम नागरिक आवागमन करते हैं.

लोगों ने उठाई जवाबदेही की मांग

नागरिकों ने सड़क रखरखाव में लापरवाही पर चिंता जताते हुए कहा कि सार्वजनिक सुरक्षा से जुड़े मामलों में प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को त्वरित कार्रवाई करनी चाहिए. लोगों ने यह भी कहा कि समाज की समस्याओं को लेकर आम नागरिकों को भी जागरूक रहना चाहिए और जरूरत पड़ने पर आवाज उठानी चाहिए, ताकि संभावित दुर्घटनाओं को समय रहते रोका जा सके.

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प्रत्युष प्रशांत

लेखक के बारे में

By प्रत्युष प्रशांत

महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एम.ए. तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) से मीडिया और जेंडर में एमफिल-पीएचडी के दौरान जेंडर संवेदनशीलता पर निरंतर लेखन. जेंडर विषयक लेखन के लिए लगातार तीन वर्षों तक लाडली मीडिया अवार्ड से सम्मानित रहे. The Credible History वेबसाइट और यूट्यूब चैनल के लिए कंटेंट राइटर और रिसर्चर के रूप में तीन वर्षों का अनुभव. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल, बिहार में राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लेखन कर रहे हैं. किताबें पढ़ने, वायलिन बजाने और कला-साहित्य में गहरी रुचि रखते हैं तथा बिहार को सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक दृष्टि से समझने में विशेष दिलचस्पी.

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