Purnia news तनिष्क शोरूम से लूटे गये आभूषण को कहीं खपाने की जुगत तो नहीं लगा रहे लुटेरे !

Published by : Sharat Chandra Tripathi Updated At : 02 Aug 2024 9:17 PM

विज्ञापन

Purnia news : इस तरह के लूट के आभूषण राजस्थान के जयपुर या गुजरात के सूरत में खपाये जाते हैं और गिरोह का सरगना सुबोध सिंह इस काम में माहिर है.

विज्ञापन

Purnia news : 26 जुलाई को पूर्णिया के तनिष्क शोरूम से 3.70 करोड़ रुपये के आभूषण लूटकांड के मामले में पुलिस ने अबतक आधा दर्जन अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है. पर, लूटकांड में शामिल असली लुटेरे अभी तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं. हालांकि पुलिस घटना के बाद से लगातार छापेमारी कर रही है, लेकिन कामयाबी नहीं मिली है. अबतक की छानबीन से पुलिस ने इस घटना की पटकथा का खुलासा कर दिया है. इसमें बाहर के बदमाशों को सहयोग करनेवाले स्थानीय अपराधियों को भी पकड़ लिया है, लेकिन न तो अभी तक असली लुटेरे पकड़ में आये हैं और न ही लूटे गये आभूषण ही बरामद हो पाये हैं. देर होने से पुलिस की भी चिंता बढ़ने लगी है. आशंका है कि लुटेरे लूटे गये तनिष्क शोरूम के हीरे के जेवर को कहीं खपाने की जुगत तो नहीं लगा रहे हैं. इस तरह के लूट के आभूषण राजस्थान के जयपुर या गुजरात के सूरत में खपाये जाते हैं, क्योंकि जयपुर और सूरत में हीरा से निर्मित जेवरों की कई फैक्ट्रियां हैं, जहां बड़ी आसानी से लूटे गये जेवरों को खपाया जा सकता है. आभूषण लूट का अंतरप्रांतीय गिरोह का सरगना सुबोध सिंह इस काम में माहिर है. उसका नेटवर्क दूर-दूर तक फैला हुआ है. वह लूट के लिए अलग गैंग तैयार करता है और लूट के आभूषण को बेचने के लिए किसी और गैंग का इस्तेमाल करता है.

भागने के लिए प्रिंस ने पे-फोन से भेजे थे 40 हजार

जानकारी के अनुसार, लूट की घटना को अंजाम देकर सभी अपराधी पश्चिम बंगाल के मालदा जिले के अंतर्गत कलियाचक पहुंचे थे, जहां इन्हें पैसों की किल्लत हो गयी थी. बदमाशों ने लूटे गये आभूषण में से कुछ को बेचने की योजना बनायी, लेकिन जब इसकी भनक जेल में बंद चंदन कुमार उर्फ प्रिंस को मिली तो उसने आभूषण बेचने से साफ मना कर दिया. फिर बदमाशों ने पटना से गिरफ्तार कुंदन कुमार से संपर्क किया. कुंदन ने इस बारे में प्रिंस से बात की और पे फोन से 40 हजार रुपये गिरफ्तार मो सनिउल शेख के खाते में डलवाया.सनिउल शेख ने बैंक से उन पैसों की निकासी कर अपराधियों को दे दिया. पैसे लेने के बाद सभी अपराधी बस पकड़ कर रायगंज चले गये.रायगंज से वे सभी किस ओर गये यह उसे पता नहीं है.

घटना के बाद सभी बदमाश रात में पहुंचे कलियाचक

घटना को अंजाम देने के बाद सभी बदमाशों को कलियाचक पहुंचना था. यह पहले से तय था. हुआ भी ऐसा ही. कलियाचक पहुंचने से आधा घंटे पहले चुनमुन झा ने सनिउल शेख को फोन कर पहुंचने की सूचना दी. एसडीपीओ ने बताया कि कलियाचक से पहले सीसीटीवी कैमरे के फुटेज में दिख रहा है कि सनिउल शेख की बाइक आगे-आगे जा रही है और उसके ठीक पीछे-पीछे तीन बाइक पर सवार छह अपराधी जा रहे हैं. उन्होंने बताया कि फुटेज मिलने के बाद सनिउल शेख के बाइक नंबर को खंगाला गया, तो उसका नाम और घर का पता चला. बंगाल पुलिस की मदद से कई घरों की तलाशी लेने के बाद सनिउल शेख के घर का पता चला. पुलिस को देख कर सनिउल भागने लगा, जिसे खदेड़ कर पकड़ लिया गया. उन्होंने बताया कि बंगाल के रतुआ में भागे छह अपराधियों का सीसीटीवी कैमरे में स्पष्ट रूप से फुटेज मिला था. लूट की घटना के बाद सभी अपराधी मालदा शहर के इंगलिश बाजार की ओर व ब्रीज को पार कर रात में कलियाचक पहुंचे थे.

चुनमुन झा के नेपाल में छिपे होने की आशंका

तनिष्क लूटकांड के अभियुक्त अररिया जिले के पलासी के चुनमुन झा के पड़ोसी देश नेपाल में शरण लेने की आशंका जतायी जा रही है. यही वजह है कि पुलिस के आला अधिकारी नेपाल पुलिस के संपर्क में हैं, जहां चुनमुन झा का घर है, वह नेपाल की सीमा क्षेत्र के बिल्कुल करीब है. इसी वजह से पुलिस को आशंका है कि बंगाल के रायगंज से चुनमुन झा अन्य साथियों को छोड़ नेपाल की ओर चला गया. नेपाल में शरण लेने से चुनमुन झा को पूर्णिया पुलिस एवं एसटीएफ की गतिविधि का भी पता चलता रहेगा.

कपड़े के साथ बैग भी जला दिये थे

सदर एसडीपीओ पुष्कर कुमार ने बताया कि लूट की घटना को अंजाम देने के बाद अपराधियों ने अपने कपड़े के साथ उस बैग को भी जला दिया था, जिसमें हीरे के जेवर थे. सभी छह अपराधियों ने बैग से हीरे के जेवर निकाल कर अपने-अपने पेंट की जेब में रख लियेथे.

विज्ञापन
Sharat Chandra Tripathi

लेखक के बारे में

By Sharat Chandra Tripathi

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन