Bihar Road Project: बिहार में 36,800 किलोमीटर से भी अधिक सड़कें बनकर हुई चकाचक, लोगों को मिलेगा बड़ा फायदा
Published by : Preeti Dayal Updated At : 18 Sep 2025 7:55 AM
सांकेतिक तस्वीर
Bihar Road Project: बिहार के गांवों में सड़कों की बदहाल व्यवस्था को दुरुस्त कर दिया गया है. करीब 36,800 किलोमीटर से भी अधिक सड़कों की सूरत बदल गई है. ग्रामीण सड़कों की मरम्मत से लोगों का शहर से जुड़ाव आसान हो गया है. इसके साथ ही बाजार, स्कूल और अस्पताल तक पहुंचना भी आसान हो गया है.
Bihar Road Project: बिहार के ग्रामीण इलाकों में सड़कों को दुरुस्त किया जा रहा है. राज्य में 36 हजार 894 किलोमीटर से अधिक ग्रामीण सड़कों का कायाकल्प हो चुका है. इन सड़कों की संख्या 15,169 हैं. बिहार ग्रामीण पथ अनुरक्षण नीति-2018 के तहत राज्य के ग्रामीण इलाकों की टोटल 16,171 सड़कों की कुल लंबाई 40,259.355 किलोमीटर में मरम्मत और रख-रखाव का लक्ष्य निर्धारित किया गया था.
तेजी से हो रहा काम
इन सड़कों की संख्या 16 हजार 171 है. इनमें से 36 हजार 894 किलोमीटर लंबाई में कायाकल्प होने के बाद बची सड़कों को बेहतर करने का काम तेजी से हो रहा है. गांव के लोगों को यह सड़कें बाजार, अस्पताल, स्कूल, कॉलेज और रोजगार तक पहुंचने का सुगम मार्ग उपलब्ध करा रही हैं. इन सड़कों के रख-रखाव और कायाकल्प के लिए बिहार सरकार 20 हजार करोड़ रुपये से भी अधिक की राशि खर्च कर रही है.
पूर्वी चंपारण जिला सबसे आगे
अनुरक्षण यानी सड़कों की मरम्मति के मामले में राज्य का पूर्वी चंपारण जिला सबसे आगे है. यहां चयनित कुल 957 सड़कों में 909 सड़कों की मरम्मति का काम पूरा कर लिया गया है. इसकी लंबाई 2,389.245 किलोमीटर है. इसके बाद दूसरे नंबर पर मुजफ्फरपुर जिले की 718 सड़कों में 664 सड़कों की मरम्मत का काम पूरा हो चुका है. मुजफ्फरपुर में 1861.527 किलोमीटर ग्रामीण सड़कों की मरम्मति का लक्ष्य तय किया गया था. इसमें 1703.797 किलोमीटर सड़क की मरम्मत का काम पूरा कर लिया गया है.
इन जिलों में भी बनीं सड़कें
जानकारी के मुताबिक, ग्रामीण सड़कों के कायाकल्प के मामले में पश्चिम चंपारण जिला तीसरे स्थान पर है. यहां 617 ग्रामीण सड़कों को चकाचक करने का लक्ष्य निर्धारित था. इसकी लंबाई 2091.32 किलोमीटर है. इसमें से 598 सड़कों का कायाकल्प किया जा चुका है. इसकी लंबाई 1996.312 किलोमीटर है. इसके अलावा सारण में 1,589.385 किलोमीटर, समस्तीपुर में 1,405.385 किलोमीटर, गयाजी में 1,382.063 किलोमीटर और वैशाली 1,359.22 किलोमीटर हैं.
Also Read: New Bus Stand In Bihar: बिहार के इस जिले को मिलेगी नए बस स्टैंड की सौगात, जानिए कब होगा शिलान्यास
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Preeti Dayal
प्रीति दयाल, प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर काम कर रहीं हैं. यूट्यूब पोर्टल सिटी पोस्ट लाइव से पत्रकारिता की शुरुआत की. इसके बाद डेलीहंट और दर्श न्यूज जैसे मीडिया संस्थानों में काम कर चुकीं हैं. डिजिटल मीडिया और कंटेंट राइटिंग में साढ़े 3 साल का अनुभव है. खबरें लिखना, वेब कंटेंट तैयार करने और ट्रेंडिंग सब्जेक्ट पर सटीक और प्रभावी खबरें लिखने का काम कर रहीं हैं. प्रीति दयाल ने पत्रकारिता की पढ़ाई संत जेवियर्स कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी से की. इस दौरान पत्रकारिता से जुड़ी कई विधाओं को सीखा. मीडिया संस्थानों में काम करने के दौरान डिजिटल जर्नलिज्म से जुड़े नए टूल्स, तकनीकों और मीडिया ट्रेंड्स को सीखा. पहली बार लोकसभा चुनाव 2024 और बिहार विधानसभा चुनाव 2025 जैसे बड़े चुनावी कवरेज में काम करने का अवसर मिला. इस दौरान बिहार की राजनीति, चुनावी रणनीतियों, राजनीतिक दलों और प्रमुख नेताओं से जुड़े कई प्रभावशाली और पाठकों की रुचि के अनुसार कंटेंट तैयार किए. चुनावी माहौल को समझते हुए राजनीतिक विश्लेषण और ट्रेंडिंग मुद्दों पर आधारित खबरों को आसान और प्रभावी भाषा में तैयार करना कार्यशैली का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है. कंटेंट रिसर्च, SEO आधारित लेखन, सोशल मीडिया फ्रेंडली कंटेंट तैयार करना और तेजी से बदलते न्यूज वातावरण में काम करना प्रमुख क्षमताओं में शामिल है. बिहार की राजनीति, सामाजिक मुद्दों, सिनेमा और देश-दुनिया की महत्वपूर्ण घटनाओं पर रुचि और समझ है. टीम के साथ बेहतर समन्वय बनाकर काम करना और समय सीमा के अंदर गुणवत्तापूर्ण काम पूरा करना कार्यशैली का हिस्सा है. प्रीति दयाल का उद्देश्य डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में लगातार सीखते हुए अपनी पत्रकारिता कौशल को और बेहतर बनाना और पाठकों तक विश्वसनीय और प्रभावशाली खबरें पहुंचाना है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










