अपने चेहरे चमकाने के लिए मनमानी कर रहे लोग
एेतिहािसक स्थलों के संरक्षण पर नहीं दिया जा रहा ध्यान
नवादा नगर : अपनी गौरवशाली उपस्थिति से जिले को पहचान देनेवाले एतिहासिक धरोहरों को आज बैनर पोस्टरों से ढका जा रहा है. 26 जनवरी 1950 को प्रसिद्ध शिक्षासेवी कन्हाई लाल साहू के द्वारा बनाये गये प्रजातंत्र द्वार के अलावा अन्य महापुरुषों के प्रतिमाओं के पास बैनर, पोस्टर व राजनीतिक दलों के झंडे आदि लगा दिये गये हैं.
देश की स्वतंत्रता व अखंडता को दर्शाते जिले की शान के रूप में खड़ा प्रजातंत्र द्वार नेताओं के चेहरे प्रमोशन करने का स्थल बना दिख रहा है. हाल में जदयू के द्वारा किये गये कार्यक्रम में कुछ नेता अपने चेहरे वाले पोस्टर एेतिहासिक स्थल की दीवारों पर लगा दिये हैं
इसके पहले से भी हमेशा कोई न कोई बड़ा बैनर इसकी सुंदरता को घेरे रहता है. अपने इतिहास व उसके धरोहरों को इस तरह से अनादर करना निश्चित ही सभ्य समाज के लिए चिंता की बात है. किसी भी प्रकार के सरकारी या गैर सरकारी कार्यक्रमों के दौरान हम इन महापुरुषों की प्रतिमाओं पर माला चढ़ा कर उन्हें याद करते हैं लेकिन फिलहाल इन स्थलों पर विभिन्न प्रकार के बैनर पोस्टर लगे हुए हैं.
संरक्षण की है जरूरत
कन्हाई लाल साहू के द्वारा बनायी गयी प्रजातंत्र द्वारा आज नवादा की पहचान बनी हुई है. जिले के किसी भी सरकारी या गैर सरकारी वेबसाइट या अन्य दस्तावेज में पहचान चिह्न के रूप में इस द्वार का हम इस्तेमाल करते हैं़
भारतीय संविधान के लागू होने के अवसर पर बनाये गये इस द्वार का विशेष महत्व है. आज भी इसकी भव्यता हमें गौरव का अहसास कराता है़ लेकिन, कुछ लोगों की गलती के कारण आज यह धरोहर बैनर पोस्टर से ढंका हुआ है.
नुकसान पहुंचानेवालों पर होगी कार्रवाई
एेतिहासिक धरोहरों को नुकसान पहुंचानेवालों पर कार्रवाई होगी. नगर पर्षद के कार्यपालक अभियंता को इस संबंध में आवश्यक निर्देश देते हैं. प्रशासन इनके संरक्षण को लेकर विशेष कदम उठायेगा.
कौशल कुमार, डीएम
कन्हाई बाबू के द्वारा जिले को दी गयी कई एेतिहासिक उपलब्धियों में प्रजातंत्र द्वार भी शामिल है. इसके संरक्षण के लिए स्थानीय लोग मेहनत करते हैं लेकिन प्रशासनिक सहयोग के बिना यह संभव नहीं है. नियमित रंगाई-पुताई के अलावा इसके विकास को लेकर भी प्लानिंग करनी चाहिए.
रवि गुप्ता, व्यवसायी व पदाधिकारी कन्हाई लाल साहू संघ
प्रजातंत्र द्वार नवादा का गौरव है. इसके संरक्षण के लिए एक कमेटी बनायी जानी चाहिए़ ताकि, इसका सही से रखरखाव हो सके. पिछले दिनों बजरंग दल के कार्यकर्ताओं के द्वारा इसे कई बार साफ भी की गयी थी. इसका संरक्षण बहुत जरूरी है.
शिवनारायण, नगर मंत्री, विद्यार्थी परिषद
प्रजातंत्र द्वार की आड़ में कई लोग नशा आदि भी करते हैं. प्रशासन को इस दिशा में ध्यान देने की जरूरत है. बैनर पोस्टर लगानेवालों से जुर्माना वसूली के साथ दंड का भी प्रावधान किया जाये़ ताकि लोग इन धरोहरों के महत्व को समझे.
डॉ पंकज कुमार, चिकित्सक
नवादा के गौरव के रूप में प्रजातंत्र द्वार को जाना जाता है. प्रजातंत्र चौक का नाम भी इसी द्वार के कारण पड़ा है. हमें इसके महत्व को समझते हुए सालों भर इसे सजा कर रखना चाहिए. राष्ट्रीय पर्वों पर तो विशेष इंतजाम करना चाहिए. शहर की भव्यता भी इससे बढ़ेगी.
पंकज कुमार, स्थानीय व्यवसायी
