मुजफ्फरपुर: अब जेल में ही मिलेगी मुफ्त कानूनी मदद, सेंट्रल जेल में नई सुविधा
Published by : Aniket Kumar Updated At : 21 May 2026 11:15 AM
शहीद खुदी राम बोस सेंट्रल जेल मुजफ्फरपुर
Muzaffarpur News: शहीद खुदीराम बोस केंद्रीय कारा में बंदियों और उनके परिजनों के लिए नि: शुल्क विधिक सेवा सहायता केंद्र शुरू किया गया. अब जेल परिसर में ही मुफ्त कानूनी सलाह और सहायता मिलेगी, जिससे गरीब परिवारों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है. पढे़ं पूरी खबर…
मुजफ्फरपुर से चंदन सिंह की रिपोर्ट
Muzaffarpur News: शहीद खुदीराम बोस केंद्रीय कारा में बंदियों और उनके परिवारों को कानूनी मदद देने की दिशा में बड़ी पहल की गई है. परिसर में नि:शुल्क विधिक सेवा सहायता केंद्र की शुरुआत की गई. इस केंद्र के खुलने से अब कैदियों के परिजनों को कानूनी सलाह के लिए इधर-उधर भटकना नहीं पड़ेगा.
प्रधान जिला जज ने किया उद्घाटन
नए विधिक सहायता केंद्र का उद्घाटन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्वेता कुमारी सिंह और जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव तेज कुमार प्रसाद ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किया. कार्यक्रम के दौरान जेल प्रशासन और न्यायिक अधिकारियों ने इसे जरूरतमंद परिवारों के लिए बड़ी राहत बताया.
अब जेल परिसर में ही मिलेगी मुफ्त कानूनी सलाह
जेल अधीक्षक युसूफ रिजवान ने बताया कि बंदियों से मिलने आने वाले उनके परिजन अब जेल परिसर में ही अनुभवी वकीलों और विधिक स्वयंसेवकों से मुफ्त कानूनी सलाह ले सकेंगे. इससे गरीब और असहाय परिवारों को अदालती प्रक्रिया समझने और मुकदमों की पैरवी में आसानी होगी.
बंदियों के लिए पहले से चल रहा सहायता केंद्र
जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव ने बताया कि जेल के भीतर पहले से सजायाफ्ता और विचाराधीन बंदियों के लिए विधिक सहायता केंद्र संचालित है. अब मुलाकात कक्ष के पास नया केंद्र खुलने से बंदियों के साथ-साथ उनके परिवारों को भी सीधा लाभ मिलेगा. इस मौके पर काराधीक्षक यूसुफ रिजवान, उपाधीक्षक अमर सत्यम और अरविंद कुमार समेत जेल प्रशासन के कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Aniket Kumar
अनिकेत बीते 4 सालों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं. राजस्थान पत्रिका और न्यूजट्रैक जैसे मीडिया संस्थान के साथ काम करने का अनुभव. एंटरटेनमेंट, हाईपरलोकल और राजनीति की खबरों से अधिक जुड़ाव. वर्तमान में प्रभात खबर की डिजिटल टीम के साथ कार्यरत.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










