गड़बड़ी : 36 हजार से अधिक परिवार भूमि आवंटन से बाहर

Updated:
विज्ञापन

गड़बड़ी : 36 हजार से अधिक परिवार भूमि आवंटन से बाहर

विज्ञापन

अभियान बसेरा-2

– मुख्य सचिव ने दिये जांच के आदेश

– अंचल स्तर पर गठित होगी पर्यवेक्षकों की टीम, करेगी क्रॉस-चेकिंग- गलत सर्वेक्षण करने वाले कर्मियों पर होगी अनुशासनात्मक कार्रवाई

-राजस्व विभाग ने सभी डीएम से मांगी रिपोर्ट-भूमिहीन परिवारों को भूमि आवंटन में हो सकती है देरी

मुजफ्फरपुर.

राज्य में चलाये जा रहे अभियान बसेरा-2 के तहत किये गये भूमि सर्वेक्षण में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी सामने आयी है. सर्वे में एक लाख 23 हजार 146 परिवारों में से 36 हजार 458 परिवारों को ””भूमि आवंटन के लिए उपयुक्त नहीं”” बताकर लिस्ट से बाहर कर दिया गया है. काफी संख्या में परिवारों को अपात्र घोषित किये जाने पर मुख्य सचिव ने गहरी चिंता जतायी है. इसकी तत्काल जांच के आदेश भी दिये हैं. मुख्य सचिव ने समीक्षा बैठक में कहा कि इतने अधिक परिवारों को बिना पर्याप्त कारण के अपात्र घोषित करना गंभीर मामला है. उन्होंने आशंका जताई कि या तो सर्वेक्षण कार्य मानकों के अनुसार नहीं किया गया है या फिर नामों को हटाने में गड़बड़ी बरती गयी है. अंचल स्तर पर गैर राजस्व संवर्गीय पर्यवेक्षकों की टीम गठित कर ऑनलाइन ऐप पर अपलोड किये गये आंकड़ों और हटाये नामों की क्रॉस-चेकिंग करने का निर्देश दिया गया है. साथ ही, तत्काल रिपोर्ट सौंपने को भी कहा गया है. इसके आलोक में राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के सचिव ने सभी डीएम को पत्र लिखकर अंचल स्तर पर जांच टीम गठित कर रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है. इसके अतिरिक्त, अभियान बसेरा-2 के तहत पूर्व में गलत सर्वेक्षण करने वाले दोषी अधिकारियों व कर्मचारियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की भी बात कही गयी है. विभाग ने इस संबंध में भी विस्तृत रिपोर्ट तलब की है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Navendu Shehar Pandey

लेखक के बारे में

By Navendu Shehar Pandey

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन