बहन ने भाई को, तो दादा ने पोते को दी मुखाग्नि, हर लोगों के आंखों से बह रहा था आंसू

Updated at : 03 Aug 2018 10:09 PM (IST)
विज्ञापन
बहन ने भाई को, तो दादा ने पोते को दी मुखाग्नि, हर लोगों के आंखों से बह रहा था आंसू

मुंगेर : असरगंज के ममई यादव टोला में बुढिया टांड तालाब में गुरुवार की शाम डूबने से तीन बच्चों की मौत के बाद मातम छाया है. शुक्रवार को तीनों बच्चों को सदर अस्पताल में पोस्टमार्टम करा कर परिजनों को सौंप दिया गया. लाल दरवाजा घाट पर ही तीनों बच्चों का दाह-संस्कार किया गया. 10 वर्षीय […]

विज्ञापन

मुंगेर : असरगंज के ममई यादव टोला में बुढिया टांड तालाब में गुरुवार की शाम डूबने से तीन बच्चों की मौत के बाद मातम छाया है. शुक्रवार को तीनों बच्चों को सदर अस्पताल में पोस्टमार्टम करा कर परिजनों को सौंप दिया गया. लाल दरवाजा घाट पर ही तीनों बच्चों का दाह-संस्कार किया गया. 10 वर्षीय संजीव और 8 वर्षीय अमीत को उसकी बड़ी बहन अर्चना ने बिलखते हुए मुखाग्नि दी. वहीं, मासूम 7 वर्षीय आयुष को उसके वृद्ध दादा रुदो यादव ने मुखाग्नि दी. शव यात्रा में पहुंचे ग्रामीणों ने जब यह दृश्य देखा तो सभी की आंखें नम हो गयी.

तीन बच्चों की मौत के बाद दूसरे दिन शुक्रवार को भी गांव में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है. जबकि, डोमी यादव अपने घर के दालान पर बैठ कर रोये जा रहा है. घर की महिलाओं का रो-रो कर बुरा हाल था. घर के अंदर से महिलाओं की करुण क्रंदन से लोगों के रोंगटे खड़े हो रहे थे. गांव के हर लोगों के आंखों से आंसू निकल रहे थे. हर किसी के जुबां पर तीन बच्चों के एक साथ तालाब में डूब कर हुई मौत की चर्चा थी. गुरुवार की रात से गांव के घरों में चुल्हा नहीं जला. मौत की खबर जिसने सूना उसी के मुंह से आह निकल रही थी. शव यात्रा में भाग लेने के लिए गांव के अधिकांश लोग मुंगेर चले आये थे. जिसके कारण गांव में मातमी सन्नाटा परसा हुआ था.

असरगंज पुलिस ने तीनों बच्चों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया. पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शवों को परिजनों को सौंप दिया गया. जिसके बाद ग्रामीणों के निर्णय पर शव को लाल दरवाजा घाट पर ही अंतिम संस्कार किया गया. मृतक मासूम के पिता मुकेश यादव दिल्ली में काम करता है. सूचना मिली लेकिन वह नहीं आ सका. जिसके कारण वृद्ध रुदो यादव ने कांपते हांथों से अपने एक मात्र पोते आयुष को मुखाग्नि दी. इधर, डोमी यादव अपने दो-दो बेटे की मौत से इतने व्यथित हो गये कि वे अपने मासूम को आग देने की स्थिति में नहीं है. जिसके कारण उसकी बड़ी बेटी अर्चना कुमारी ने बिलखते हुए अपने छोटे भाई संजीव व अमित को मुखाग्नि दी. गंगा घाट में इस दृश्य को देखने वाले हर लोगों के आंखों से आंसू बह रहा था.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन