सांसद ने उठाया रेल सुविधाओं का मुद्दा

सांसद ने उठाया रेल सुविधाओं का मुद्दा
रेल संघर्ष समिति के वर्षों के आंदोलन का असर, स्टेशन के आधुनिकीकरण और नई ट्रेनों की मांग मुरलीगंज. रेल संघर्ष समिति के वर्षों के संघर्ष व लगातार प्रयास का असर अब राष्ट्रीय पटल पर दिखने लगा है. मधेपुरा के सांसद दिनेश चंद्र यादव ने लोकसभा में रेल मंत्रालय के अनुदान मांग (2026–27) पर चर्चा के दौरान मुरलीगंज रेलवे स्टेशन की बदहाली, यात्री सुविधाओं की कमी व समस्याओं को प्रमुखता से उठाया. सांसद ने कहा कि मुरलीगंज एक महत्वपूर्ण व्यापारिक केंद्र है, लेकिन यहां का रेलवे स्टेशन बुनियादी सुविधाओं से वंचित है. उन्होंने बताया कि प्लेटफॉर्म नीचे होने के कारण ट्रेन पर चढ़ने-उतरने में यात्रियों को परेशानी होती है. रेल संघर्ष समिति द्वारा सौंपे गए ज्ञापन का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि अब तक 12 यात्रियों की जान जा चुकी है, जबकि 30 से अधिक लोग स्थायी रूप से दिव्यांग हो चुके हैं. उन्होंने इसे गंभीर मानवीय त्रासदी बताते हुए तत्काल सुरक्षा उपाय और प्लेटफॉर्म ऊंचा करने की मांग की. सांसद ने मुरलीगंज सहित पूरे क्षेत्र के रेल विकास का व्यापक खाका सदन में प्रस्तुत किया. मांगों में मुरलीगंज स्टेशन को अमृत भारत स्टेशन योजना में शामिल कर आधुनिक सुविधाओं से लैस करना, प्लेटफॉर्म संख्या 1 व 2 को ऊंचा कर शुद्ध पेयजल, आधुनिक शौचालय, यात्री शेड और स्थायी आरपीएफ पोस्ट की व्यवस्था, वंदे भारत ट्रेन का ठहराव, पुरबिया एक्सप्रेस का पूर्णिया कोर्ट तक विस्तार तथा हाटे बाजार एक्सप्रेस को प्रतिदिन चलाने की मांग, सहरसा–मुरलीगंज–सिलीगुड़ी नई ट्रेन शुरू करने और जनहित एक्सप्रेस को बनारस तक जोड़ने का प्रस्ताव, पुराने माल गोदाम को ‘फुल रेक पॉइंट’ में विकसित कर क्षेत्रीय व्यापार को गति देना, सहरसा–मानसी रेलखंड के दोहरीकरण की स्वीकृति, नई रेल लाइनों के निर्माण तथा विभिन्न समपारों पर आरओबी निर्माण की मांग. सहरसा में डीआरएम कार्यालय की स्थापना की भी मांग उठायी. सांसद ने कहा कि क्षेत्र के लोगों की सुविधा और सुरक्षा सर्वोपरि है तथा रेल मंत्रालय को इन मांगों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए. सदन में मामला उठाए जाने के बाद मुरलीगंज रेल संघर्ष समिति के सदस्यों में उत्साह है. समिति के सचिव विकास आनंद, संयोजक दिनेश मिश्रा, विजय यादव, सूरज जायसवाल, उदय चौधरी, बजरंग चौधरी, सूरज पंसारी और बबलू शर्मा ने संयुक्त बयान जारी कर कहा कि यह उनके लंबे आंदोलन की पहली बड़ी सफलता है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




