हलसी के शिव शक्ति मंदिर में श्रावण मास को लेकर उमड़े श्रद्धालु: सुबह-शाम आरती और भोग की विशेष व्यवस्था

शिव शक्ति मंदिर
हलसी का शिव शक्ति मंदिर सावन माह में श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बना हुआ है. यहां दूर-दूर से भक्त आकर शिवलिंग पर जल, दूध, बेलपत्र चढ़ाकर मनोकामनाएं मांग रहे हैं. मंदिर में विशेष आरती और भोग का भी प्रतिदिन आयोजन हो रहा है.
हलसी (लखीसराय) से केशव कुमार की रिपोर्ट
प्रखंड मुख्यालय स्थित शिव शक्ति मंदिर वर्षों से पूरे हलसी क्षेत्र की धार्मिक चेतना और अटूट आस्था का प्रतीक रहा है. श्रावण मास के पावन अवसर पर इस मंदिर की महत्ता और अधिक बढ़ जाती है. प्रतिदिन सुबह से ही दूर-दराज के गांवों से आने वाले शिवभक्त कतारबद्ध होकर शिवलिंग पर गंगाजल, दूध, बेलपत्र और धतूरा अर्पित कर पूरी विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर रहे हैं. भक्त महादेव से अपने परिवार की सुख, समृद्धि और मनोकामना पूर्ति की गुहार लगा रहे हैं.
आरती और भोग का दैनिक आयोजन
श्रावण मास के दौरान मंदिर में धार्मिक अनुष्ठानों का क्रम अविरल जारी है. यहाँ प्रतिदिन सुबह और शाम के समय भगवान भोलेनाथ की विशेष और विधिवत आरती की जाती है, जिसमें स्थानीय श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटती है. आरती के पश्चात बाबा को विशेष भोग लगाया जाता है, जिसे बाद में भक्तों के बीच महाप्रसाद के रूप में वितरित किया जाता है. इसके अतिरिक्त, प्रत्येक पूर्णिमा को मंदिर में भगवान सत्यनारायण की विशेष पूजा सह कथा का सामूहिक आयोजन भी किया जाता है.
एक ही परिसर में पूरा शिव परिवार
इस मंदिर की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यहाँ जगह की सीमित उपलब्धता होने के बावजूद एक ही छत के नीचे पूरा शिव परिवार विराजमान है. मुख्य शिवलिंग के साथ ही अत्यंत आकर्षक ढंग से माता पार्वती, भगवान गणेश, कार्तिकेय और नंदी महाराज की भव्य प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं. इस सुंदर व्यवस्था के कारण श्रद्धालुओं को एक ही स्थान पर सभी देवी-देवताओं के दर्शन और पूजन का परम लाभ एक साथ मिल जाता है.
साफ-सफाई और बुनियादी सुविधाओं पर जोर
मेले और सावन के दौरान उमड़ने वाली भीड़ को देखते हुए मंदिर परिसर की साफ-सफाई, दैनिक रखरखाव और श्रद्धालुओं की बुनियादी सुविधाओं का पूरा जिम्मा स्थानीय विजय पासवान संभाल रहे हैं. मंदिर परिसर को सुंदर और हरा-भरा बनाए रखने के लिए विभिन्न प्रकार के फूलों के पौधे लगाए गए हैं, जिनका उपयोग प्रतिदिन बाबा के श्रृंगार और पूजा के लिए किया जाता है. इसके साथ ही दूर से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए परिसर में स्वच्छ पेयजल की भी समुचित व्यवस्था की गई है.
महाशिवरात्रि पर सजता है भव्य भंडारा
स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि श्रावण मास और प्रत्येक पूर्णिमा के अलावा महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर भी यहाँ का नजारा अत्यंत भव्य और अलौकिक होता है. महाशिवरात्रि के अवसर पर मंदिर को विशेष रूप से सजाया जाता है और पूरी रात जलाभिषेक के साथ-साथ अगले दिन विशाल सामूहिक भंडारे का आयोजन किया जाता है, जिसमें हजारों की संख्या में लोग प्रसाद ग्रहण करते हैं. फिलहाल पूरे सावन महीने को लेकर मंदिर परिसर शिव जी के जयकारों से लगातार गुंजायमान हो रहा है.
Also Read: बिहार के 24 जिलों में आज गरज-चमक के साथ होगी तेज बारिश, 50 KMPH की रफ्तार से हवा चलने की संभावना
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Divyanshu Prashant
दिव्यांशु प्रशांत वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर कार्यरत हैं। उन्होंने महात्मा गाँधी अंतर्राष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में परास्नातक की शिक्षा प्राप्त की है। मीडिया क्षेत्र में लगभग एक वर्ष के अनुभव के दौरान वे दैनिक जागरण में न्यूज़ राइटर और रिपोर्टर के रूप में कार्य कर चुके हैं। करियर के शुरुआती दौर में लोकसभा और विधानसभा चुनावों से जुड़े पॉलिटिकल कंटेंट राइटिंग का विशेष अनुभव प्राप्त किया। इसके अतिरिक्त उन्होंने टी. एन. बी. कॉलेज से हिंदी साहित्य में स्नातक किया है, जिसके कारण साहित्य, पठन-पाठन, लेखन और कविता-सृजन में उनकी विशेष रुचि है। सटीक, निष्पक्ष और प्रभावशाली लेखन के माध्यम से पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुँचाना उनकी पेशेवर पहचान है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










