बेहतर कनेक्टिविटी व यात्री की सुविधाओं को लेकर ट्रेनों की नई समय सारणी जारी

Updated at : 01 Jan 2026 6:30 PM (IST)
विज्ञापन
बेहतर कनेक्टिविटी व यात्री की सुविधाओं को लेकर ट्रेनों की नई समय सारणी जारी

बेहतर कनेक्टिविटी व यात्री की सुविधाओं को लेकर ट्रेनों की नई समय सारणी जारी

विज्ञापन

नववर्ष को लेकर पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे ने जारी की है नई समय-सारणी, एक जनवरी से हो गया प्रभावी हो कटिहार नववर्ष को लेकर पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे ने ट्रेनों की नई समय-सारणी जारी कर दी है. जो एक जनवरी से प्रभावी हो गयी है. इसमें यात्री केंद्रित व परिचालन रूप से कई महत्वपूर्ण सुधार किये गये हैं. जिसका मकसद पूर्वोत्तर क्षेत्र के कटिहार सहित अन्य स्थानों के लिए रेल कनेक्टिविटी को सुदृढ़ करना है. नई समय-सारणी के तहत, एनएफआर ने 20 नई ट्रेन सेवाओं को नियमित किया गया है. जिसे वर्ष 2025 के दौरान विभिन्न महत्वपूर्ण रूटों पर शुरू किया गया था. इन सेवाओं में मेल एक्सप्रेस व पैसेंजर ट्रेनें शामिल हैं. जो कटिहार गुवाहाटी, सायरंग, डिब्रूगढ़, अगरतला, उत्तर लखिमपुर, जोगबनी, आनंद विहार और देश के कई अन्य प्रमुख स्थानों को जोड़ती हैं. यह सेवाएं यात्रियों को,खासकर लंबी दूरी और पहले मुश्किल से पहुंचने वाले कॉरिडोर या स्थानों के लिए यात्रा का अतिरिक्त विकल्प प्रदान करती हैं. ट्रेनों की बढ़ाई गई फ्रीक्वेंसी यात्रियों की सुविधा बढ़ाने के लिए, कुछ मौजूदा ट्रेन सेवाओं की फ्रीक्वेंसी भी बढ़ाई गयी है. उदाहरण के तौर पर सिलचर और महिषासन के बीच चलने वाली पैसेंजर ट्रेनें, जो पहले सप्ताह में सिर्फ दो दिन चलती थी. अब छह दिन चलेंगी. उम्मीद है कि इस सुधार से बराक घाटी क्षेत्र के रोजाना यात्रा करने वाले यात्रियों को अधिक लचीला और विश्वसनीय यात्रा का विकल्प मिलेगा. नई समय-सारणी में उन स्पेशल ट्रेनों को भी औपचारिक रूप से शामिल किया है. जो यात्रा के पीक समय में चलाई जाती हैं. महत्वपूर्ण लंबी दूरी के रूटों पर चलने वाली कुल 12 जोड़ी स्पेशल ट्रेनों को शामिल किया गया है. जिससे त्यौहारों, छुट्टियों और ट्रेनों की अधिक मांग के समय में सीजनल भीड़ को व्यवस्थित करने के लिए बेहतर योजना और तैयारी सुनिश्चित होगी. नई समय सारणी की एक प्रमुख खासियत मौजूदा ट्रेनों के लिए बड़ी संख्या में नए ठहरावों का प्रावधान भी है. 170 से अधिक नये ठहराव असम, त्रिपुरा, पश्चिम बंगाल, बिहार और आसपास राज्यों के स्टेशनों पर 170 से अधिक नए ठहराव प्रदान किए गए हैं. ये नए ठहराव सेमी-अर्बन और ग्रामीण क्षेत्रों में यात्रियों के लिए रेल सेवाओं को और करीब लाएंगे, जिससे रेल परिवहन तक पहुंच बेहतर होगी और निर्धारित ट्रेनों में चढ़ने के लिए बड़े स्टेशनों तक लंबी सड़क यात्रा करने की ज़रूरत कम होगी. ट्रैक्शन चेंजिंग प्वाइंट्स में भी व्यापक पैमाने पर बदलाव आधुनिकीकरण और ऊर्जा दक्षता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, एनएफआर ने ट्रैक्शन चेंजिंग प्वाइंट्स में भी व्यापक पैमाने पर बदलाव किए है, जिससे कई ट्रेनें एंड-टू-एंड इलेक्ट्रिक ट्रैक्शन पर चल सकेंगी. राजधानी और कई अन्य एक्सप्रेस को मेल ट्रेन सेवाओं सहित कई महत्वपूर्ण लंबी दूरी और प्रीमियम ट्रेनों को निरंतर इलेक्ट्रिक ट्रैक्शन के अधीन लाया गया है. इस पहल से ट्रेन परिचालन सुचारू होगा, डीजल इंजनों पर निर्भरता कम होगी, कार्बन उत्सर्जन कम होगा और समय की पाबंदी में सुधार होगा.इन उपायों का समग्र असर काफी प्रभावी होने की उम्मीद है. ट्रेनों की शुरुआत शामिल करना, फ्रीक्वेंसी बढ़ाना, अतिरिक्त ठहराव, इलेक्ट्रिक ट्रैक्शन का विस्तार और स्पेशल ट्रेनों को शामिल करने से कुल मिलाकर बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी, यात्रा का समय कम होगा, परिचालन दक्षता बढ़ेगी और अधिक यात्री संतुष्टि मिलेगी. पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे की सुरक्षित, कुशल, पर्यावरण के अनुकूल और यात्री-केंद्रित रेल सेवाएं प्रदान करने की प्रतिबद्धता पूरी करने के साथ-साथ पूर्वोत्तर क्षेत्र के समग्र सामाजिक-आर्थिक विकास में भी सहयोग करती हैं. कपिंजल किशोर शर्मा सीपीआरओ, एनएफ रेलवे

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
RAJKISHOR K

लेखक के बारे में

By RAJKISHOR K

RAJKISHOR K is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन