ePaper

Kaimur News : कटराकलां की स्मिता जिला टाॅपर, राज्य में छठा रैंक

Updated at : 29 Mar 2025 8:58 PM (IST)
विज्ञापन
Kaimur News : कटराकलां की स्मिता जिला टाॅपर, राज्य में छठा रैंक

प्रखंड के अंतिम पूर्वी छोर पर अवस्थित उत्क्रमित हाइस्कूल कटराकलां की छात्रा स्मिता कुमारी ने मैट्रिक की बोर्ड परीक्षा में 484 अंक प्राप्त कर जिले में पहला स्थान व राज्य में छठा रैंक हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है

विज्ञापन

मोहनिया सदर. प्रखंड के अंतिम पूर्वी छोर पर अवस्थित उत्क्रमित हाइस्कूल कटराकलां की छात्रा स्मिता कुमारी ने मैट्रिक की बोर्ड परीक्षा में 484 अंक प्राप्त कर जिले में पहला स्थान व राज्य में छठा रैंक हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है. उक्त परीक्षा में कोई ऐसा विषय नहीं है जिसमें स्मिता ने 95-99 अंक न प्राप्त किया हो, गांव के सरकारी विद्यालय में पढ़ाई कर स्मिता ने जो अपनी सफलता का परचम बिहार में लहराया है उसकी जितनी भी प्रशंसा की जाये कम है. मालूम हो स्मिता पांच बहन व एक भाई है, बहनों में उसका तीसरा स्थान है. पिता शंभू साह मोहनिया स्टूवरगंज में गारमेंट्स की दुकान संचालित कर परिवार की जीविका चलाते हैं. स्मिता की इस सफलता से घर परिवार, शिक्षक सहित पूरे गांव में खुशी का माहौल कायम हो गया है. # स्मिता प्रतिदिन 12 घंटे करती थी पढ़ाई स्मिता ने प्रभात खबर को बताया कि गांव के विद्यालय में पढ़ाई के साथ वह कोचिंग करती थी, लेकिन स्मिता पूरी लगन के साथ खुद भी 12 घंटे पढ़ाई कर इस मुकाम को हासिल किया है. उनकी मां रीता देवी खुद ही घर का पूरा कार्य करती थीं और स्मिता को पढ़ाई के लिए पूरा समय देती थी. स्मिता ने भी यह ठान लिया था कि मैट्रिक की परीक्षा में सूबे में अपने जिले का नाम रोशन करना है और उन्होंने यह कर भी दिखाया. # भाई सतवीर रह गया 50 अंक पीछे सतवीर ने भी अपनी छोटी बहन स्मिता के साथ मैट्रिक की परीक्षा में भाग लिया था, लेकिन सतवीर को 50 अंक पीछे छोड़ स्मिता जिला की टाॅपर बनने के साथ ही पूरे बिहार में छठा रैंक हासिल किया. हालांकि, सतवीर को भी 434 अंक प्राप्त हुए हैं. दोनों भाई बहन दिल लगाकर बोर्ड परीक्षा की तैयारी करते थे, लेकिन स्मिता भाई से भी काफी आगे निकल कर अपनी प्रतिभा का डंका बजाने में कामयाब रही. # पिता 12वीं, तो मां हैं आठवीं पास स्मिता के पिता शंभू साह जिनकी उम्र लगभग 43 है, इनके पिता ने इंटरमीडिएट उत्तीर्ण करने के बाद पढ़ाई को बीच में ही छोड़ दिया था और घर गृहस्थी संभालने में लग गये. स्मिता की मां रीता देवी की उम्र करीब 42 वर्ष है जो आठवीं पास हैं. भले ही स्मिता के माता पिता किसी कारणवश उच्च शिक्षा हासिल नहीं कर सकें, लेकिन आज स्मिता ने इसकी भरपाई कर अपने पिता का नाम वर्ष 2025 की मैट्रिक परीक्षा की सूची में अमिट स्याही से हमेशा के लिए स्वर्ण अक्षरों में अंकित कर दिया है. स्मिता की सबसे बड़ी बहन सुनीता कुमारी की शादी हो चुकी है. दूसरे स्थान पर खुशबू है जो स्नातक पार्ट टू की पढ़ाई कर रही है. जबकि, स्मिता व सतवीर ने मैट्रिक की परीक्षा एक साथ उत्तीर्ण किया है. वहीं, छोटी बहन अंशु कुमारी नौवीं में तो घर की सबसे छोटी गुड़िया सत्या कुमारी वर्ग तीन में पढ़ाई कर रही है. # स्मिता बीपीएससी कर बनना चाहती है आफिसर स्मिता ने प्रभात खबर संवाददाता को बताया कि वह आगे की पढ़ाई साइंस से करेगी. वह स्नातक की पढ़ाई के बाद बिहार लोक सेवा आयोग की परीक्षा में भाग लेकर अधिकारी बन राज्य व लोगों की सेवा करना चाहती है. उनका लक्ष्य बीपीएससी क्रैक करना है. इस सफलता का श्रेय स्मिता ने अपने माता-पिता व अपने शिक्षकों को दिया है. स्मिता ने कहा मां कामाख्या कोचिंग सेंटर कटराकलां के शिक्षक भी पूरे मन से सभी बच्चों को शिक्षा देने का कार्य करते हैं. # किस विषय में मिले कितना अंक हिंदी 97, संस्कृत 95, गणित 99, विज्ञान 98 व सामाजिक विज्ञान में 95 अंक प्राप्त किये है इनके अंकों का प्रतिशत 96.80 है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
PRABHANJAY KUMAR

लेखक के बारे में

By PRABHANJAY KUMAR

PRABHANJAY KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन