hajipur news. मजदूरों को गुलाम बनाने वाले चार श्रम कोड को केंद्र सरकार को लेना होगा वापस

Published by :Shashi Kant Kumar
Published at :12 May 2025 10:46 PM (IST)
विज्ञापन
hajipur news. मजदूरों को गुलाम बनाने वाले चार श्रम कोड को केंद्र सरकार को लेना होगा वापस

ट्रेड यूनियनों के आह्वान पर 20 मई को राष्ट्रव्यापी आम हड़ताल को जिले में सफल बनाने के लिए केंद्रीय ट्रेड यूनियन संघर्ष मोर्चा, वैशाली के तत्वावधान में बैठक बुलायी गयी

विज्ञापन

हाजीपुर. ट्रेड यूनियनों के आह्वान पर 20 मई को राष्ट्रव्यापी आम हड़ताल को जिले में सफल बनाने के लिए केंद्रीय ट्रेड यूनियन संघर्ष मोर्चा, वैशाली के तत्वावधान में बैठक बुलायी गयी. सोमवार को शहर के अक्षयवट राय स्टेडियम स्थित वैशाली कला मंच पर ट्रेड यूनियनों के कार्यकर्ताओं की बैठक हुई, जिसमें हड़ताल की तैयारी की समीक्षा की गयी. साथ ही आगे की रणनीति तैयार की गयी. बैठक की अध्यक्षता सीटू के वरिष्ठ नेता राजेंद्र पटेल ने की. संचालन ऐक्टू के राज्य व जिला सचिव सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने किया. मौके पर ऐक्टू के बच्चाबाबू, ब्रजकिशोर राय, पवन कुमार सिंह, मनीष कुमार पासवान, मो सलीम, रवीना कुमारी, सीटू के दीनबंधु प्रसाद, जवाहर ठाकुर, टीयूसीसी के जिला महासचिव मिथिलेश कुमार, एआइयूटीयूसी के राजेश कुमार रोशन, बिहार प्रदेश मजदूर कल्याण संघ के मो युनुस, मो नइम आदि ने विचार रखे. संचालन करते हुए संघर्ष मोर्चा के जिला संयोजक सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने कहा कि मजदूरों को गुलाम बनाने वाले चार श्रम कोड को केंन्द्र सरकार को वापस लेना होगा और पुराने श्रम कानून को लागू करना होगा. इस मांग को लेकर देश भर में मजदूरों का संघर्ष तेज हो रहा है. मजदूरों से उनका अधिकार छीनने वाली केंद्र सरकार और बिहार की डबल इंजन सरकार को सत्ता से बाहर जाना होगा. अध्यक्षीय संबोधन में मजदूर नेता राजेंद्र पटेल ने हड़ताल को समर्थन देने की घोषणा करने वाले किसान मोर्चा, खेत मजदूर यूनियन, बैंक व कर्मचारी महासंघ और महागठबंधन के सभी दलों को धन्यवाद दिया. बैठक में आम जनों से हड़ताल के समर्थन में सड़क पर उतरने की अपील की गयी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Shashi Kant Kumar

लेखक के बारे में

By Shashi Kant Kumar

Shashi Kant Kumar is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन