गोपालगंज. समाहरणालय सभा कक्ष में डीएम प्रशांत कुमार सीएच की अध्यक्षता में अभियोजन कार्यों की समीक्षा बैठक की गयी. बैठक में मजिस्ट्रिरियल कोर्ट के संबंधित अभियोजन कार्यों की समीक्षा व कार्रवाई की जानकारी अपर लोक अभियोजक ,विशेष लोक अभियोजक ,लोक अभियोजक से जिला पदाधिकारी से लिया गया.
कुल विचारण के लिए योग्य मामले 24 हजार से ज्यादा
मजिस्ट्रियल कोर्ट के अभियोजन के कार्यों की समीक्षा के क्रम में यह ज्ञात हुआ कि कुल विचारण के लिए योग्य मामले 24 हजार से ज्यादा है. इनमें कुल सजा इस माह में मात्र चार हुई हैं तथा कुल 14 मामलों में अभियुक्त की रिहाई हुई है. डीएम ने उपस्थित जिला अभियोजन पदाधिकारी को निर्देश दिया कि रिहाई के मामलों को कम करना सुनिश्चित करें. अभियोजन के पक्ष को मजबूती से रखते हुए तथा सभी मानकों का पालन करते हुए सरकार का पक्ष संबंधित न्यायालय में मजबूती से रखें, ताकि अधिक से अधिक मामलों में कम से कम लोग दोषमुक्त हो सकें. जिला अभियोजन पदाधिकारी द्वारा दोष मुक्ति के संबंध में बताया गया कि कई गवाह सुनवाई के एडवांस स्टेज पर जाकर होस्टाइल हो जा रहे हैं तथा उनके बीच में समझौता हो जा रहा है, जिससे कि रिहाई के मामले थोड़े ज्यादा हैं. ऐसी स्थिति पर डीएम द्वारा यह निर्देश दिया कि यथासंभव केसों-वाद का निष्पादन ससमय करना सुनिश्चित करें ताकि गवाह एवं अन्य पक्षकार उसमें होस्टाइल नहीं हो जाये.
चार्जशीट ससमय समर्पित करना सुनिश्चित करें
सेशन के संबंधित मामलों का समीक्षा की गयी, जिसमें पीपी द्वारा बताया गया कि सेशन के कुल मामलों में अभी रिहाई थोड़ी ज्यादा है. इस पर भी डीएम द्वारा लोक अभियोजक तथा सभी अपर लोक अभियोजक को निर्देश दिया कि वादों के विचारण में अपेक्षित प्रगति लाएं तथा पुलिस की तरफ से अनुसंधान जल्द कराने का अनुरोध करते हुए चार्जशीट ससमय समर्पित करना सुनिश्चित करें तथा पुलिस पेपर की आपूर्ति भी अविलंब कर दे ताकि उस पर चार्ज फ्रेम किया जा सके.बड़े कांडों में अपेक्षित प्रगति लाने के लिए निर्देश
साथ ही साथ डीएम द्वारा बहस के बिंदु पर निर्देश दिया गया कि बहस को ससमय पूर्ण करना सुनिश्चित करें, ताकि अधिक से अधिक कांडों पर सजा करायी जा सके. अभियोजन के विभिन्न स्तरों पर लंबित मामलों की एक-एक कर प्रगति की समीक्षा की गयी तथा कुछ बड़े मामलों में अपेक्षित प्रगति लाने के लिए निर्देश दिया गया.बैठक में गायब रहने वालों पर जतायी नाराजगी
बैठक में कुछ अपर लोक अभियोजक एवं विशेष लोक अभियोजक अनुपस्थित थे. निश्चित रूप से उपस्थित होने का निर्देश दिया गया. बैठक में वरीय उपसमाहर्ता सह जिला विधि शाखा प्रभारी प्रशांत अभिषेक, डीएसपी हेडक्वार्टर विजय कुमार मिश्रा, जिला अभियोजन पदाधिकारी, जिला लोक अभियोजक देववंश गिरि उर्फ भानू गिरि, विशेष लोक अभियोजक उत्पाद रवि भूषण श्रीवास्तव, एपीपी जयराम प्रसाद, विशेष लोक अभियोजक अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति परवेज हसन, पॉक्सो दारोगा सिंह एवं सभी पीपी आदि उपस्थित थे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

