विलक्षण प्रतिभा, पराक्रम व देशभक्ति से जानी जाती हैं अहिल्याबाई

Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 31 May 2024 10:44 PM

विज्ञापन

महारानी अहिल्याबाई होल्कर विचार मंच द्वारा चांदचौरा स्थित सिजुआर भवन में शुक्रवार को जयंती समारोह का आयोजन किया गया.

विज्ञापन

गया. विष्णुपद मंदिर का जीर्णोद्धार करवाने वाली इंदौर की महारानी अहिल्याबाई के व्यक्तित्व में पराक्रम, प्रतिभा व देशभक्ति का अद्भुत समन्वय था. उक्त बातें महारानी अहिल्याबाई होल्कर विचार मंच द्वारा चांदचौरा स्थित सिजुआर भवन में शुक्रवार को आयोजित जयंती समारोह में मुंगेर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो रंजीत कुमार वर्मा ने कही. उन्होंने कहा कि तीन शताब्दी पूर्व विष्णुपद मंदिर बालू पत्थर से बना था और उसकी स्थापत्य कला वर्तमान मंदिर के पूर्वी दिशा में स्थित शिव मंदिर व अक्षयवट क्षेत्र की संरचनाएं से मिलती थी. इससे पहले श्री वर्मा व अन्य अतिथियों द्वारा विष्णुपद रोड स्थित महारानी अहिल्याबाई स्मारक स्थल पर स्थापित प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी . इसके बाद झांकी के साथ स्मारक स्थल से शोभा यात्रा निकाली गयी. रथ पर अहिल्याबाई की तस्वीर के साथ निकली शोभायात्रा में स्कूली बच्चे, पंडा समाज के लोग व शहर के वरिष्ठ नागरिक शामिल हुए. शोभायात्रा विष्णुपद से निकलकर रामसागर तालाब, नवागढी, टिल्हा धर्मशाला, राजेंद्र आश्रम सहित विभिन्न मार्गो से होते हुए सिजुआर भवन पहुंची. यहां पर आयोजित जयंती समारोह का पूर्व कुलपति डॉ (प्रो) रंजीत कुमार वर्मा, दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग के आचार्य डॉ सुरेश चंद्र, विशिष्ट अतिथि मगध विश्वविद्यालय बोधगया के अंग्रेजी विभाग के विभाग अध्यक्ष प्रो (डॉ) सरिता वीरांगना, मंच के अध्यक्ष डॉ सच्चिदानंद प्रेमी, साहित्यकार डॉ राम सिहासन सिंह व एन अतिथियों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर उद्घाटन किया. अन्य वक्ताओं ने उनके व्यक्तित्व व कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा की नारी शक्ति कितनी महान होती है व अपने जीवन में क्या कर सकती है, इसका उदाहरण अहिल्याबाई होल्कर की जीवनी पढ़ने के बाद मिलती है. उनके जीवन से हम सभी को सीखने की जरूरत है. उनका जीवन हम सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत है, जिन्होंने विश्व प्रसिद्ध विष्णुपद मंदिर का निर्माण कर गया वासियों को उपहार के रूप में अमूल्य योगदान दिया.कार्यक्रम की अध्यक्षता मंच के अध्यक्ष डॉ प्रेमी व मंच संचालन रंगकर्मी व समाजसेवी नंदन कुमार सिन्हा ने किया. इस अवसर पर गया गदाधर श्री नंदी गौ सेवा आश्रम ट्रस्ट गयाजी की अध्यक्ष संगीता सिन्हा को गौ सेवा के क्षेत्र में समर्पित अवदानों व मधुबनी जिले के निवासी भारत विकास परिषद पूर्वी क्षेत्र की अध्यक्ष सुमन सिंह को नारी सशक्तिकरण व सांस्कृतिक मूल्य के संवर्धन के क्षेत्र में प्रशंसनीय कार्य के लिए महारानी अहिल्याबाई होल्कर स्मृति सम्मान 2024 से सम्मानित किया गया. इस अवसर पर आयोजित मूर्तिकला प्रतियोगिता में कौशलेंद्र कुमार, कविता प्रतियोगिता में शान्वी कुमारी, भाषण प्रतियोगिता में आशी सिसोदिया, रूद्र आयु, वैष्णवी कुमार व सृष्टि कुमारी को श्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए पुरस्कृत किया गया. इस अवसर पर मंच के सचिव काशीनाथ प्रसाद, कन्हैया लाल मेहरवार, देवनाथ मेहरवार, शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ नंदकिशोर गुप्ता, मणिलाल बारिक, इतिहासकार डॉ राकेश कुमार सिन्हा रवि, डॉ रामकृष्ण मिश्रा, कृष्णकांत, कुमार कांत, प्रसिद्ध व्यवसायी प्रमोद कुमार भदानी, डॉ मंजू शर्मा, डॉ शांति सिंह, ऋषिकेश लाल गुर्दा, डॉ कुमारी रश्मि प्रियदर्शनी, सरिता त्रिपाठी अश्वनी कुमार सहित काफी संख्या में लोग उपस्थित थे. इस दौरान अहिल्याबाई के जीवन पर आधारित पुस्तक का विमोचन किया गया.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन