गया को बनाना है तंबाकू मुक्त जिला : दीपक मिश्रा

By Prabhat Khabar Digital Desk
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गया : सीडस (सोशियो इकोनामिक एंड एजुकेशनल डेवलपमेंट सोसाइटी) द्वारा सोमवार को जिला पर्षद के सभागार में तंबाकू उत्पाद व तंबाकू सेवन पर नियंत्रण को लेकर कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यशाला का शुभारंभ दीप जला कर डीएम अभिषेक सिंह ने किया.

इस अवसर पर डीएम ने कहा कि बिहार शराबबंदी के मामले में देश में एक उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है. यहां पूरी तरह से शराब बंद कर दी गयी है, जिसके दूरगामी परिणाम दिख रहे हैं. अब संपूर्ण बिहार को नशा मुक्त करने की मुहिम चलायी गयी है.
इस अवसर पर सीडस के कार्यपालक निदेशक दीपक कुमार मिश्रा ने पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से तंबाकू के सेवन के दुष्परिणाम व इसके रोकथाम के लिए बनाये गये अधिनियम कोटपा -2003 के विभिन्न धाराओं से अवगत कराया. उन्होंने कहा कि प्रतिवर्ष भारत में एक लाख 30 हज़ार लोगों की मृत्यु तंबाकू के सेवन से होती है. आज भी 28.6% लोग तंबाकू सेवन से प्रतिवर्ष मर रहे हैं, जिनमें 40% कैंसर तंबाकू से हो रहा है, 90% ओरल कैंसर चबाने वाले तंबाकू से हो रहा है.
बिहार भारत के कैंसर की राजधानी बन गया है. 70 से 75 हजार लोग प्रतिवर्ष यहां मर रहे हैं. एक लाख 68 हजार लोग प्रतिवर्ष कैंसर के मरीज हो रहे हैं. वर्ष 2019 के आंकड़ों के अनुसार 25.9% लोग तंबाकू के सेवन से मर रहे हैं, जिनमें 5% चबाने वाले तंबाकू से 20% खैनी के सेवन से. सीडस के कार्यपालक निदेशक ने कहा कि बिहार के 13 जिले तंबाकू मुक्त घोषित किये जा चुके हैं और वह चाहते हैं कि गया 14वां जिला बने.
डीएम ने पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि जिला स्तर पर, अनुमंडल स्तर पर व प्रखंड स्तर पर छापामार दस्ते का गठन किया गया है. उन्होंने प्रत्येक सोमवार को अभियान चलाकर छापेमारी करने का निर्देश दिया. इस अवसर पर उप विकास आयुक्त किशोरी चौधरी, सिविल सर्जन राजेंद्र प्रसाद सिन्हा, जिला परिवहन पदाधिकारी जनार्दन प्रसाद, जिला शिक्षा पदाधिकारी मोहम्मद मुस्तफा हुसैन मंसूरी, उप निदेशक जन संपर्क नरेंद्र कुमार गुप्ता सहित तमाम पदाधिकारी मौजूद थे.
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