बरसात से पहले मछली पालन के लिए खुदवाएं तालाब, सरकार देगी अनुदान, जानिये कैसे करना है आवेदन

Updated at : 04 Feb 2021 11:25 AM (IST)
विज्ञापन
बरसात से पहले मछली पालन के लिए खुदवाएं तालाब, सरकार देगी अनुदान, जानिये कैसे करना है आवेदन

जिले में नीली क्रांति को सफल बनाने के लिए मत्स्य विभाग ने पहल की है. अब मत्स्य पालन के लिए नये तालाब खुदवाने वालों को 30 प्रतिशत से लेकर 50 प्रतिशत तक का अनुदान दिया जायेगा.

विज्ञापन

भभुआ सदर . जिले में नीली क्रांति को सफल बनाने के लिए मत्स्य विभाग ने पहल की है. अब मत्स्य पालन के लिए नये तालाब खुदवाने वालों को 30 प्रतिशत से लेकर 50 प्रतिशत तक का अनुदान दिया जायेगा. यानी एक किसान को दो हेक्टेयर में नया तालाब खुदवाने पर अधिकतम सात लाख रुपये तक का मत्स्य विभाग अनुदान देगा.

नया तालाब खुदवाने वाले एसटी, एससी वर्ग के किसानों को 70 प्रतिशत तक अनुदान दिया जायेगा. इसके साथ ही चयनित किसानों को मत्स्य पालन का प्रशिक्षण देने के लिए विभाग उन्हें बाहर भी भेजेगा.

इस योजना का लाभ पाने के लिए बस किसानों को जिला मत्स्य पालन विभाग को आवेदन देना होगा. आवेदन मिलने के बाद विभागीय पदाधिकारी मौके पर जाकर जमीन के रकबा की जांच करेंगे. अगर सब कुछ सही मिला तो आवेदन को चयनित कर अनुदान देने की प्रक्रिया शुरू की जायेगी.

दरअसल, मत्स्य पालन को बढ़ावा देने के लिए कई योजनाएं चला रही है. अब इन योजनाओं में एक और केंद्र प्रायोजित योजना को जोड़ दिया गया है, ताकि मत्स्य पालन की ओर किसानों को या प्रवासी बिहारियों को बढ़ावा दिया जा सके.

लीज की जमीन पर भी होगा तालाब का निर्माण

नयी योजना के तहत अति पिछड़े वर्ग के लोगों को तालाब खुदवाने पर 90 प्रतिशत तक अनुदान दिया जायेगा. पिछड़े वर्ग के वैसे लोग जिनके पास जमीन नहीं है, वे जमीन लीज पर लेकर तालाब का निर्माण करा सकते हैं. इसके लिए जमीन का कम-से-कम नौ साल का एग्रीमेंट जरूरी होगा.

योजना का लाभ पाने के लिए क्या है जरूरी

  • जिला मत्स्य विभाग को आवेदन

  • आवेदन के साथ जमीन के कागजात की छायाप्रति

  • दो हेक्टेयर में नया तालाब बनाने के लिए मिलेगा अनुदान

  • सामान्य वर्ग के लिए अधिकतम सात लाख रुपये तक अनुदान

  • एससी-एसटी वर्ग के आवेदक को मिलेगा 70 प्रतिशत अनुदान

  • जमीन का निरीक्षण करने के बाद विभाग देगा स्वीकृति

कोई भी व्यक्ति कर सकता है आवेदन

इस संबंध में जिला मत्स्य पदाधिकारी मनोज कुमार पांडेय ने बताया कि नीली क्रांति को बढ़ावा देने के लिए नये तालाबों के निर्माण के लिए योजना शुरू की गयी है. इसके लिए कोई लक्ष्य निर्धारित नहीं किया गया है.

कोई भी किसान मत्स्य पालन के लिए नये तालाब का निर्माण कर इस योजना का लाभ उठा सकते हैं. अप्रैल माह से लाभ प्राप्त करनेवाले लोग ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. इस योजना के तहत चयनित मत्स्य पालकों में से तीस का चयन कर उन्हें प्रशिक्षित किया जायेगा.

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन