ePaper

बिहार में यहां बिछेगी दो नई रेल लाइन, कोसी-सीमांचल समेत इन राज्यों को होगा बड़ा फायदा

Updated at : 22 Oct 2025 11:57 AM (IST)
विज्ञापन
Two new rail lines will be built here in Bihar

सांकेतिक तस्वीर

New Rail Line in Bihar: रेल नेटवर्क को मजबूत करने के लिए पूर्व रेलवे ने बड़हरवा से भागलपुर के बीच तीसरी और चौथी रेल लाइन का प्रस्ताव तैयार किया है. इस कड़ी में 256 किलोमीटर यानी 128-128 किलोमीटर की दो रेल लाइनों के लिए कुल 4879.63 करोड़ रुपये का प्रस्ताव भेजा गया है.

विज्ञापन

New Rail Line in Bihar: रेल नेटवर्क को मजबूत करने की दिशा में पूर्व रेलवे ने बड़हरवा से भागलपुर के बीच तीसरी और चौथी रेल लाइन के लिए प्रस्ताव तैयार किया है. इस कड़ी में 256 किलोमीटर यानी 128-128 किलोमीटर की दो रेल लाइनों के लिए कुल 4879.63 करोड़ रुपये का प्रस्ताव भेजा गया है.

मालगाड़ी की बढ़ेगी रफ्तार

इन दोनों नई रेल लाइनों के निर्माण से कोसी-सीमांचल समेत उत्तर बिहार और पूर्वोत्तर राज्यों के लिए माल ढुलाई में रेलवे के समय की बचत होगी. इन रेल लाइनों के बन जाने के बाद खाद्य सामग्री, कोयला आदि को तय समय पर गंतव्य तक पहुंचाया जा सकेगा.

सेमी हाई स्पीड ट्रेनों का रास्ता होगा साफ

जानकारी के अनुसार, पुरानी लाइन के खाली नहीं रहने पर तीसरी और चौथी लाइन से ट्रेनों को आसानी से पास कराया जा सकेगा. वहीं, रेलवे की इस परियोजना से भागलपुर से चलाई जाने वाली सेमी हाई स्पीड ट्रेनों का रास्ता भी साफ हो जाएगा.

इन ट्रेनों का भी होगा संचालन

पुरानी रेल लाइन की स्पीड बढ़ाने के लिए रेलवे की तरफ से ट्रैक किनारे फेसिंग भी कराया जा रहा है. इससे ट्रेनों के रास्ते में बाधा उत्पन्न नहीं होगी. राज्य के हर रेलखंड पर वंदे भारत, वंदे मेट्रो सहित अमृत भारत जैसी ट्रेनों के संचालन की भी योजना है. अभी भागलपुर से बड़हरवा के बीच तेजस एक्सप्रेस जैसी सेमी हाई स्पीड ट्रेनें चलाई जाती हैं.

भागलपुर-जमालपुर के बीच थर्ड लाइन को मंजूरी

भागलपुर-जमालपुर के बीच थर्ड लाइन की योजना को मंजूरी मिल गई है. रेलवे बिहार के उत्तर व दक्षिण क्षेत्र के लिए बड़े पैमाने पर माल ढुलाई करता है. दो रेल लाइन से ही सवारी और माल गाड़ी दोनों का संचालन होता है.

समय की होती है बर्बादी

इसकी वजह से कई बार सवारी गाड़ियों के कारण माल गाड़ी और माल गाड़ी के पीछे सवारी गाड़ियों को भी खड़ा रखना पड़ता है. इन दोनों की स्थिति में रेलवे को नुकसान होता है, क्योंकि रेलवे के लिए यात्री और सामान दोनों को ही समय पर गंतव्य तक पहुंचाना होता है.

बिहार की ताजा खबरों के लिए यहां क्लिक करें  

वार्षिक 538 करोड़ होगा वित्तीय लाभ

जानकारी मिली है कि रेलवे को इस परियोजना से वार्षिक करीब 538 करोड़ का वित्तीय लाभ और 1341 करोड़ का व्यावसायिक फायदा होगा. यह तीसरी और चौथी रेल लाइन 128-128 किलोमीटर में बिछेगी.

आर्थिक गति को मिलेगी रफ्तार

बिहार के जमालपुर और भागलपुर के बीच तीसरी रेल लाइन बनने से इलाके में आर्थिक विकास की गति रफ्तार पकड़ेगी. इस क्षेत्र में 53 किलोमीटर लंबी तीसरी रेल लाइन के निर्माण पर कुल 1156 करोड़ रुपये लागत आने का अनुमान है. इसे तीन साल में पूरा करने की योजना है.

इसे भी पढ़ें: Bihar Train News: छठ पर्व पर बिहार आना हुआ आसान, इस शहर से तीन दिनों में चलेंगी 77 ट्रेनें

विज्ञापन
Rani Thakur

लेखक के बारे में

By Rani Thakur

बंगाल की धरती पर एक दशक से अधिक समय तक समृद्ध पत्रकारिता अनुभव के साथ, रानी ठाकुर अब बिहार की धरती पर अपनी लेखनी से पहचान बना रही हैं. कोलकाता में कई राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित अखबारों के लिए रिपोर्टिंग और सब-एडिटिंग का अनुभव हासिल करने के बाद, वे अब प्रभात खबर के डिजिटल डेस्क से जुड़ी हैं, जहां वे लाइफ स्टाइल की खबरों के माध्यम से अपनी रचनात्मक सोच और पत्रकारिता कौशल को नई दिशा दे रही हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन