विक्रमशिला सेतु ध्वस्त होने के बाद गंगा घाटों पर बढ़ी चहल-पहल, नाव और फेरी सेवा बनी लोगों की मजबूरी

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विक्रमशिला सेतु ध्वस्त होने के बाद गंगा घाटों पर बढ़ी चहल-पहल, नाव और फेरी सेवा बनी लोगों की मजबूरी

Bhagalpur News : विक्रमशिला सेतु बंद होने के बाद एक बार फिर गंगा घाटों पर पुराने दिनों जैसी रौनक लौट आयी है. नावों में सफर करते यात्री, घाटों पर लंबी कतारें और इपींतवाहनों की भीड़ अब आम दृश्य बन गया है.

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गोपालपुर से विपिन ठाकुर की रिपोर्ट

Bhagalpur News : विक्रमशिला सेतु ध्वस्त होने के बाद भागलपुर और नवगछिया के बीच आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो गया है. ऐसे में गंगा नदी के विभिन्न घाटों पर नाव और फेरी सेवा के जरिये लोगों की आवाजाही तेज हो गयी है. भागलपुर, नवगछिया, तिनटंगा करारी, महादेवपुर, कहलगांव और अन्य गंगा घाटों पर इन दिनों यात्रियों की भारी भीड़ उमड़ रही है. घाटों पर नावों की आवाजाही बढ़ने से स्थानीय कारोबारियों और नाविकों की आमदनी में भी इजाफा हुआ है.

घाटों पर लौट आया मेले जैसा माहौल

विक्रमशिला सेतु बंद होने के बाद लोग मजबूरी में नाव और फेरी सेवा का सहारा ले रहे हैं. सुबह से देर शाम तक घाटों पर यात्रियों की लंबी कतारें लगी रहती हैं. छोटी-बड़ी नावों में लोग गंगा पार कर रहे हैं, जबकि चार पहिया वाहन और मालवाहक ट्रकों की लंबी लाइनें भी घाटों पर देखी जा रही हैं.घाटों के आसपास चाय, नाश्ता और अन्य दुकानों पर भी भीड़ बढ़ गयी है, जिससे स्थानीय व्यापारियों को फायदा हो रहा है. क्षेत्र में इन दिनों मेले जैसा दृश्य देखने को मिल रहा है.

मालवाहक जहाजों से मिल रही राहत

जिला प्रशासन की ओर से तिनटंगा करारी-कहलगांव और सबौर के बाबूपुर से महादेवपुर गंगा घाट तक बड़े मालवाहक जहाजों का परिचालन कराया जा रहा है. इससे चार पहिया वाहनों और लोडेड ट्रकों को गंगा पार कराने में काफी सुविधा हो रही है.स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि यह व्यवस्था नहीं होती तो लोगों की परेशानी और बढ़ जाती.

बीच गंगा में इंजन फेल होने से बढ़ा डर

हालांकि नाव और फेरी सेवा के सहारे यात्रा कर रहे लोगों के मन में डर भी बना हुआ है. आये दिन बीच गंगा नदी में नावों का इंजन फेल होने की घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे यात्रियों में अनहोनी की आशंका बनी रहती है.इसके बावजूद लोग मजबूरी में यात्रा करने को विवश हैं, क्योंकि फिलहाल गंगा पार करने का यही सबसे बड़ा सहारा बना हुआ है.

प्रशासन से सुरक्षा बढ़ाने की मांग

स्थानीय लोगों और यात्रियों ने जिला प्रशासन से घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था और मजबूत करने की मांग की है. लोगों का कहना है कि नावों की तकनीकी जांच नियमित रूप से होनी चाहिए ताकि हादसों की आशंका कम हो सके.साथ ही यात्रियों के लिए पर्याप्त सुरक्षा उपकरण और निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित करने की भी मांग उठ रही है.

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Amit Kr Sinha

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By Amit Kr Sinha

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