संग्रहालय बनाने का सपना भी अधूरा
Author :Prabhat Khabar Digital Desk
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Updated at :13 Feb 2015 9:25 AM
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52 एकड़ में फैले कुटुंबागढ़ की खुदाई को सरकारी देखरेख की दरकार खुदाई की समीक्षा व अवशेषों को देखने नहीं आये सीएम मांझी व पूर्व सीएम नीतीश अंबा (औरंगाबाद) : टुंबा गढ़ की हो रही खुदाई की समीक्षा व उससे प्राप्त अवशेषों को देखने सीएम जीतन राम मांझी व पूर्व सीएम नीतीश कुमार के कुटुंबा […]
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52 एकड़ में फैले कुटुंबागढ़ की खुदाई को सरकारी देखरेख की दरकार
खुदाई की समीक्षा व अवशेषों को देखने नहीं आये सीएम मांझी व पूर्व सीएम नीतीश
अंबा (औरंगाबाद) : टुंबा गढ़ की हो रही खुदाई की समीक्षा व उससे प्राप्त अवशेषों को देखने सीएम जीतन राम मांझी व पूर्व सीएम नीतीश कुमार के कुटुंबा आने की चर्चा धरी की धरी रह गयी. स्थानीय विधायक ललन राम ने गढ़ की खुदाई का जायजा लेते हुए सीएम व पूर्व सीएम के आने की बात कही थी.
विधायक ने कहा था कि उन्होंने विरासत समिति के कुटुंबा गढ़ खुदाई प्रभारी अनंतासुतोष द्विवेदी की टीम के साथ पूर्व सीएम नीतीश कुमार व सीएम जीतन राम मांझी को इस संबंध में आवश्यक जानकारी दी है व खुदाई से प्राप्त अवशेषों को संग्रह करने के लिए संग्रहालय बनाने की मांग की है. खुदाई कार्य प्रभारी अनंतासुतोष द्विवेदी ने बताया था कि कुटुंुबा गढ़ ही नहीं बल्कि प्रखंड के ऐसे सभी ऐतिहासिक स्थलों का सर्वे कराया जा रहा है. जरूरत पड़ने पर उन स्थलों की खुदाई भी करायी जायेगी, ताकि कुटुंबा के इतिहास की जानकारी प्राप्त की जा सके.
गौरतलब है कि यह गढ़ 52 एकड़ में फैला है. पूर्व सीएम नीतीश कुमार अपनी सेवा यात्र के दौरान गढ़ पर आये थे व इसकी खुदाई की बात कही थी. उन्हीं के प्रयास से खुदाई शुरू करायी गयी. इसमें 10 हजार वर्ष पहले मध्यकालीन इतिहास से अब तक के कई साक्ष्य मिले हैं. खुदाई में कई तरह की विखंडित मूर्तियां भी मिलीं हैं. इसके साथ-साथ कई ईंट भी मिले हैं, जिसे पुरातत्व के जानकारों ने 1200 वर्ष पुराना बताया है. इसमें सबसे ज्यादा जैन धर्म के अवशेषों की प्राप्ति हुई है. इसके लिए संग्रहालय बनाने का सपना अब तक अधूरा ही है.
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