नीतीश की चुनावी सभा, निशाने पर लालू परिवार, बोले- पति-पत्नी के राज में त्रस्त थी बिहार की जनता
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 08 Apr 2019 3:39 PM
औरंगाबाद : बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज प्राचीन गढ़ स्थित खेल मैदान कुटुंबा में चुनावी सभा को संबोधित करने के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री एवं राजद सुप्रीमोलालूप्रसाद यादव एवं उनकीपत्नी राबड़ी देवी पर जमकरहमलाबोला है. उन्होंने कहा, मगध प्रक्षेत्र ज्ञान की भूमि रही है. कुटुंबा मैं पहले भी आया हूं व फिर आऊंगा. 2010 […]
औरंगाबाद : बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज प्राचीन गढ़ स्थित खेल मैदान कुटुंबा में चुनावी सभा को संबोधित करने के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री एवं राजद सुप्रीमोलालूप्रसाद यादव एवं उनकीपत्नी राबड़ी देवी पर जमकरहमलाबोला है. उन्होंने कहा, मगध प्रक्षेत्र ज्ञान की भूमि रही है. कुटुंबा मैं पहले भी आया हूं व फिर आऊंगा. 2010 में आया था तो लगा था कि कुटुंबा का प्राचीन गढ़ ऐतिहासिक व पौराणिक जगह है. पुरातत्व विभाग द्वारा खुदाई कराने से दस-पंद्रह हजार वर्ष पुराना गौरवशाली इतिहास का पता चला. इसे मैं ऊंचाई तक लेना चाहता हूं.
सीएम नीतीश कुमार ने आगे कहा, जब से मैं बिहार बागडोर संभाला हूं, कानून का राज्य स्थापित कर न्याय के साथ पूरे क्षेत्र का विकास किया हूं. किसी भी समाज को मैंने उपेक्षा नहीं की है. स्त्री-पुरुष, पिछड़ी, दलित, महादलित, अल्पसंख्यक व सवर्ण के उत्थान के लिए काम किया हूं. आज कोई भी समाज उपेक्षित नहीं है. सभी धर्म समुदाय के लोगों के साथ स्नेह भाव रखने का प्रयास किया. हमारे लिए सत्ता मेरा सेवा धर्म है. बहुत लोग धनोपार्जन के लिए सत्ता में आते हैं. हम अपने काम के मजदूरी मांगने आए हैं.
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा, बिहार के विकास में केंद्र से भरपूर सहयोग मिला है. आप भाजपा प्रत्याशी सुशील कुमार सिंह को समर्थन दें. उन्होंने कहा कि तेरह वर्ष पूर्व में बिहार में पति पत्नी का राज्य था. लोग घरों में ढिबरी जलाते थे व बाहर अंधेरा रहता था. माताएं बच्चे को बाहर नहीं निकलने देती थी व कहती थी कि बाबू बाहर मत निकलना, भूत होगा.
नीतीश कुमार ने कहा कि जब बिजली आ गयी तो भूत भी भाग गया. आज किसी भी व्यक्ति को लालटेन की जरूरत नहीं रह गयी है. सीएम ने कहा कि नवंबर 2005 में सत्ता संभालने के बाद अनुभव किया कि महिलाएं सबसे अधिक उपेक्षित है. संविधान में था कि कम से कम कम एक तिहाई महिलाओं को पंचायती राज व्यवस्था में स्थान दिया जाये. मैंने पंचायत व नगर निकाय में 50 फीसदी आरक्षण देकर महिलाओं को सम्मान बढ़ाया. अब महिलाएं भी जनप्रतिनिधि के रूप में सेवा कर रही है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










