औरंगाबाद नगर : शुक्रवार को मगध प्रमंडल आयुक्त जितेंद्र श्रीवास्तव व डीआईजी विनय कुमार ने समाहरणालय स्थित योजना भवन के सभाकक्ष में डीएम राहुल रंजन महिवाल, एसपी डॉ सत्यप्रकाश की उपस्थिति में जिले की विकास व विधि व्यवस्था की तैयारी को लेकर बैठक की. इस दौरान मगध प्रमंडल आयुक्त ने कहा कि रामनवमी जुलूस के दौरान शहर में जो हिंसक झड़प हुई थी और उस मामले में जितनी भी प्राथमिकियां दर्ज हुई थीं, सभी कांडों का अनुसंधान करते हुए अविलंब न्यायालय में चार्जशीट समर्पित करने को कहा. वहीं जो लोग अभी पुलिस पकड़ से फरार चल रहे है वैसे लोगों को अविलंब गिरफ्तार करने को कहा.
इसके अलावा आयुक्त ने डीएम व एसपी को निर्देश देते हुए कहा कि शहर के चिह्नित स्थानों पर सीसीटीवी कैमरा लगाएं,ताकि शहर में किसी प्रकार की अप्रिय घटना होने पर लोगों को चिह्नित किया जा सके. यही नहीं, रमेश चौक पर बैरक बनाकर 20 जवान व पुलिस पदाधिकारी को तैनात करने का निर्देश दिया.
भूमि विवाद के निबटारे में राजस्व कर्मचारी व चौकीदार का लें सहयोग: आयुक्त ने कहा कि जिले में अधिकांश घटनाएं भूमि विवाद के कारण घटती है, इसलिए जो भी मामले थाना व अंचल स्तर पर आता है उसे गंभीरता से लेते हुए राजस्व कर्मचारी व चौकीदार को मदद लेकर निष्पादन करना सुनिश्चित करते,ताकि विवाद नहीं हो सके. यहीं नहीं एक जमीन पर तीन से चार बार 144 एसडीओ नहीं लगाये. कोर्ट से जो आदेश प्राप्त होता है उसका अनुपालन करते हुए कार्रवाई करे. साथ ही साथ थाना व अंचल में भूमि विवाद से संबंधित पंजी का संधारण करे. ऑनलाइन दाखिल खारिज प्रक्रिया को जल्द से जल्द पूरा करने का निर्देश दिया.
जेल से छूटे लोगों से भरवाएं बांड: डीआईजी विनय कुमार ने कहा कि हिंसक झड़प मामले के बाद जो लोग जमानत पर जेल से छूट रहे है वैसे लोग भविष्य में इस तरह की घटना की पुनरावृत्ति नहीं करे, इसके लिए कम से कम पांच लाख से दस लाख के बीच का बांड भरवाएं. यही नहीं प्रतिष्ठित व्यक्ति को जमानतदार रखें, ताकि घटना का अंजाम देने पर तत्काल कार्रवाई की जा सके. जिला स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित करने.
मजिस्ट्रेट रखें वीडियोग्राफर
मगध प्रमंडल आयुक्त ने कहा कि शहर में जिन स्थानों पर धरना प्रदर्शन ,जुलूस होता है उसमें मजिस्ट्रेट अपने साथ में वीडियोग्राफर को रखेंगे. साथ ही उनकी हर गतिविधि को कैमरे में कैद करेंगे. यही नहीं साउंड सिस्टम से लैस रहेंगे.
आयुक्त ने कहा कि अनुश्रवण समिति की बैठक नियमित करे,ताकि विकास की गति तेजी से बढ़ सके. इसके अलावे बैठक में और कई बिंदुओं पर चर्चा
किया गया.
सात निश्चय में तेजी
जिले में मुख्यमंत्री सात निश्चय योजना के तहत कराये जा रहे कार्यों में तेजी लाने का निर्देश आयुक्त ने संबंधित विभाग के पदाधिकारियों को दिया. आयुक्त ने कहा कि अगले वर्ष चुनाव होने वाला है उसे ध्यान में रखते हुए सभी कार्यों को दिसंबर तक पूरा करे. जिलाधिकारी ने बताया कि 1426 वार्डों को सात निश्चय योजना के तहत चयिनत किया गया है,जिसमें काम हो रहा है. आयुक्त ने कहा कि जिस वार्ड में काम शुरू नहीं हुआ है उस वार्ड में मई महीने में शुरू हो जाना चाहिए.यदि सात निश्चय के कार्य में अनियमितता बरती जाती है, तो सख्त कार्रवाई होगी.
गड़बड़ी पर पदमुक्त होंगी पर्यवेक्षिका
जिलाधिकारी ने कहा कि जिले में हो रहे आंगनबाड़ी के सेविका -सहायिक की बहाली में अनियमितता बरते जाने से संबंधित 200 से अधिक मामले आये है. सभी मामलों की जांच करायी जा रही है. जहां पर जान बुझकर बहाली प्रक्रिया में अनियमितता बरती गयी होगी तो सीधे तौर पर महिला सुपरवाईजर को जिम्मेवार मानते हुए पदमुक्त किया जायेगा. वहीं सीडीपीओ के विरुद्ध प्रपत्र क गठित करते हुए निलंबन की कार्रवाई हेतु विभाग को प्रस्ताव भेजी जायेगी.
जब्त शराब को करें नष्ट
आयुक्त ने उत्पाद अधीक्षक को निर्देश देते हुए कहा कि जिले में जितने भी शराब व मादक पदार्थ बरामद किये गये है. सभी को नष्ट करे. वहीं शराब व्यवसाय व सेवन करने वाले लोगों पर सख्ती से कार्रवाई करें. इसके अलावे जिले में हो रहे बालू की अवैध खनन पर भी रोक लगाने का निर्देश दिया. आयुक्त व डीआईजी ने कहा कि जिन थाना क्षेत्रों में बालू का अवैध उत्खनन होते हुए वरीय पदाधिकारी द्वारा पकड़ा जायेगा उस क्षेत्र के अंचलाधिकारी व थानाध्यक्ष पर सीधे कार्रवाई होगी.