लॉर्ड्स में यास्तिका भाटिया ने रचा इतिहास, टेस्ट शतक जड़ने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनीं

यास्तिका भाटिया शतक लगाने के बाद (फोटो-सोशल मीडिया)
भारतीय महिला क्रिकेट की उभरती सितारा यास्तिका भाटिया ने लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर टेस्ट शतक ठोक कर इतिहास रच दिया है. ऐसा करने वाली वह पहली भारतीय महिला क्रिकेटर बन गई हैं. उनकी यह शानदार पारी भारतीय क्रिकेट के लिए एक मील का पत्थर साबित हुई है.
भारतीय महिला क्रिकेट टीम की विकेटकीपर-बल्लेबाज यास्तिका भाटिया ने लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर इतिहास रच दिया. इंग्लैंड के खिलाफ खेले जा रहे एकमात्र टेस्ट मैच के तीसरे दिन यास्तिका ने शानदार शतक जड़कर लॉर्ड्स में टेस्ट सेंचुरी बनाने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनने का गौरव हासिल किया. उनकी यह पारी भारतीय महिला क्रिकेट के इतिहास में भी एक खास अध्याय के तौर पर दर्ज हो गई है.
लॉर्ड्स ऑनर्स बोर्ड पर दर्ज हुआ नाम
यास्तिका ने इंग्लैंड की तेज गेंदबाज इज़ी वोंग की गेंद पर एक रन लेकर अपने टेस्ट करियर का पहला शतक पूरा किया. शतक पूरा होते ही उन्होंने बल्ला उठाकर दर्शकों का अभिवादन स्वीकार किया. इसके बाद हेलमेट उतारकर चारों ओर मौजूद दर्शकों का अभिवादन किया और भावुक अंदाज में पिच को माथा टेककर इस उपलब्धि का जश्न मनाया.
ड्रेसिंग रूम की बालकनी और डगआउट में मौजूद भारतीय खिलाड़ियों ने खड़े होकर उनकी इस ऐतिहासिक उपलब्धि का स्वागत किया. इस शतक के साथ यास्तिका का नाम क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले लॉर्ड्स के प्रतिष्ठित ऑनर्स बोर्ड पर दर्ज हो गया.
सिर्फ चौथे टेस्ट में रचा इतिहास
भारत के लिए अपना चौथा टेस्ट मैच खेल रहीं यास्तिका ने दूसरी पारी में 145 गेंदों पर शतक पूरा किया. उनकी पारी धैर्य, संयम और शानदार तकनीक का बेहतरीन उदाहरण रही. दबाव भरे मुकाबले में उन्होंने जिम्मेदारी संभालते हुए इंग्लैंड के गेंदबाजों का डटकर सामना किया.
41 साल पुराना भारतीय रिकॉर्ड तोड़ा
यास्तिका भाटिया का यह शतक भारतीय महिला टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में तीसरी या चौथी पारी में किसी भारतीय बल्लेबाज द्वारा बनाया गया सबसे बड़ा स्कोर भी बन गया. उन्होंने संध्या अग्रवाल के 1985 में न्यूजीलैंड के खिलाफ लखनऊ टेस्ट में बनाए गए 98 रन के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया.
महिला टेस्ट की तीसरी/चौथी पारी में भारत के लिए सर्वाधिक स्कोर
| खिलाड़ी | स्कोर | विरोधी टीम | वर्ष |
| यास्तिका भाटिया | 113 | इंग्लैंड | 2026 |
| संध्या अग्रवाल | 98 | न्यूजीलैंड | 1985 |
| संध्या अग्रवाल | 83 | ऑस्ट्रेलिया | 1984 |
| स्नेह राणा | 80* | इंग्लैंड | 2021 |
| गर्गी बनर्जी | 75 | इंग्लैंड | 1986 |
गांगुली के बाद लॉर्ड्स में शतक लगाने वाली दूसरी भारतीय लेफ्ट-हैंडर
यास्तिका की यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि वह पुरुष और महिला क्रिकेट को मिलाकर लॉर्ड्स में शतक जड़ने वाली केवल दूसरी भारतीय बाएं हाथ की बल्लेबाज बनी हैं. उनसे पहले यह कारनामा पूर्व भारतीय कप्तान सौरव गांगुली ने 1996 में अपने टेस्ट डेब्यू पर 131 रन की पारी खेलकर किया था.
113 रन पर खत्म हुई यादगार पारी
यास्तिका की शानदार पारी 113 रन पर समाप्त हुई. इंग्लैंड की अनुभवी स्पिनर सोफी एक्लेस्टोन की गेंद पर बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में वह मैडी विल्लियर्स को कैच दे बैठीं. हालांकि जब वह पवेलियन लौटीं तो पूरे मैदान ने खड़े होकर उनका अभिवादन किया. भारतीय खिलाड़ियों के साथ-साथ इंग्लैंड की टीम ने भी उनकी ऐतिहासिक पारी की सराहना की.
ये भी पढ़ें: लॉर्ड्स में क्रांति गौड़ का ऐतिहासिक 'पंजा', 142 साल में ऐसा करने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनीं
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










