किस खिलाड़ी के पिता ने बनवाया लॉर्ड्स का मैदान, जानें आज कौन है मालिक?

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क्रिकेट का एक ऐसा मैदान जिसे सभी क्रिकेटर एक मंदिर के रुप देखते हैं और इस मैदान को गौरवशाली मैदान भी माना जाता है. यह मैदान है लंदन के सेंट जॉन्स वुड में स्थित लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड. यह न सिर्फ खेल की उत्कृष्टता का प्रतीक है, बल्कि इसका ऐतिहासिक महत्व भी इसे बाकी सभी स्टेडियमों से अलग बनाता है.

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Lords Stadium Heritage Of Cricket: क्रिकेट का एक ऐसा मैदान जिसे सभी क्रिकेटर एक मंदिर के रुप देखते हैं और इस मैदान को गौरवशाली मैदान भी माना जाता है. यह मैदान है लंदन के सेंट जॉन्स वुड में स्थित लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड. यह न सिर्फ खेल की उत्कृष्टता का प्रतीक है, बल्कि इसका ऐतिहासिक महत्व भी इसे बाकी सभी स्टेडियमों से अलग बनाता है. लॉर्ड्स की खूबसूरती, इसकी ढलान वाली पिच और शाही वास्तुकला हर क्रिकेट प्रेमी के दिल में खास जगह रखती है.

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इस ऐतिहासिक मैदान की नींव एक ऐसे व्यक्ति ने रखी थी जो खुद एक क्रिकेटर था, और उसकी पहचान आज एक खिलाड़ी के रूप में कम, बल्कि लॉर्ड्स के संस्थापक के रूप में ज्यादा है. 

लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड की शुरुआत थॉमस लॉर्ड नामक यॉर्कशायर के एक गेंदबाज ने की थी. उन्होंने 1787 में पहला लॉर्ड्स मैदान लंदन के मैरीलेबोन क्षेत्र के डॉर्सेट फील्ड्स में बनाया था, जिसे ‘लॉर्ड्स ओल्ड ग्राउंड’ कहा गया. थॉमस लॉर्ड एक मंझे हुए गेंदबाज थे जिन्होंने अपने करियर में 59 फर्स्ट क्लास मैच खेले और 148 विकेट झटके.

उनका बेटा, थॉम�� लॉर्ड जूनियर, भी क्रिकेटर था, लेकिन उन्होंने केवल 5 फर्स्ट क्लास मैच खेले और 18 रन बनाए व एक विकेट लिया. हालांकि, लॉर्ड परिवार की असली पहचान मैदान की स्थापना से जुड़ी है, जो आज क्रिकेट के सबसे पवित्र स्थलों में गिना जाता है.

मैच, इतिहास और अंतरराष्ट्रीय पहचान

22 जून 1814 को इस नए मैदान पर पहला मैच मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब (MCC) और हर्टफोर्डशर के बीच खेला गया. लॉर्ड्स में पहला अंतरराष्ट्रीय टेस्ट मैच 21 जुलाई 1884 को इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेला गया, जो क्रिकेट इतिहास में एक मील का पत्थर था.

आज यह मैदानएक अत्याधुनिक स्टेडियम है, जिसमें खेलना हर क्रिकेटर का सपना होता है. लॉर्ड्स ने न सिर्फ ऐतिहासिक मैच देखे हैं, बल्कि यह कई विश्व कप फाइनल्स का भी गवाह बना है, जिनमें 1983 में भारत की ऐतिहासिक जीत शामिल है.

Kapil dev holding world cup 1983
Kapil dev holding world cup 1983

2025 में, एक बार फिर से लॉर्ड्स में भारत और इंग्लैंड के बीच टेस्ट सीरीज का तीसरा मुकाबला खेला जा रहा है, जहां कई युवा भारतीय खिलाड़ी पहली बार इस ऐतिहासिक मैदान पर कदम रखेंगे.

आज MCC की देखरेख में है लॉर्ड्स का मैदान

र्तमान समय में लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड का स्वामित्व मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब (MCC) के पास है, जिसकी स्थापना भी 1787 में हुई थी. MCC न केवल मैदान का मालिक है, बल्कि क्रिकेट के नियमों (Laws of Cricket) का संरक्षक भी है. 1788 में MCC ने क्रिकेट के पहले लिखित नियम जारी किए थे, और आज भी क्रिकेट के नियमों में बदलाव की ज़िम्मेदारी इसी संस्था के पास है.

MCC लॉर्ड्स को क्रिकेट का वैश्विक केंद्र बनाए रखने के लिए लगातार आधुनिकरण और विकास कार्य करता रहता है. नए स्टैंड्स, हाई-टेक सुविधाएं और हर दर्शक के अनुभव को बेहतर बनाने के प्रयास लॉर्ड्स को दुनिया के सबसे सुंदर और प्रतिष्ठित क्रिकेट स्टेडियमों में बनाए रखते हैं.

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