ePaper

जया एकादशी व्रत पूजा में जरूर शामिल करें ये चीजें, जानें पूजन सामग्री की पूरी लिस्ट

Updated at : 19 Feb 2024 7:01 AM (IST)
विज्ञापन
Ekadashi Vrat 2024

Rangbhari Ekadashi 2024

Jaya Ekadashi 2024: सनातन धर्म में एकादशी तिथि को बेहद पवित्र मानी गई है. जया एकादशी व्रत का बड़ा ही धार्मिक महत्व है. साल में कुल 24 एकादशी होती हैं, इन एकादशी तिथि का अलग-अलग नाम और महत्व है. माघ माह में आने वाली एकादशी को जया एकादशी के नाम से जाना जाता है. धार्मिक […]

विज्ञापन

Jaya Ekadashi 2024: सनातन धर्म में एकादशी तिथि को बेहद पवित्र मानी गई है. जया एकादशी व्रत का बड़ा ही धार्मिक महत्व है. साल में कुल 24 एकादशी होती हैं, इन एकादशी तिथि का अलग-अलग नाम और महत्व है. माघ माह में आने वाली एकादशी को जया एकादशी के नाम से जाना जाता है. धार्मिक मान्यता है कि जो व्यक्ति श्रद्धापूर्वक जया एकादशी व्रत करता है, उन्हें भूत, प्रेत और पिशाच की योनि से मुक्ति मिल जाती है. पंचांग के अनुसार, इस साल जया एकादशी व्रत 20 फरवरी दिन मंगलवार को रखा जाएगा.

जया एकादशी तिथि में जरूर करें ये काम

  • जया एकादशी के दिन श्रीहरि विष्णु के साथ मां लक्ष्मी की भी पूजा करें.
  • सुबह स्नान के बाद घी का दीपक जलाएं और भगवान विष्णु का आह्वान करें.
  • भगवान विष्णु का गंगाजल से अभिषेक करें और पुष्प अर्पित करें.
  • श्रीहरि विष्णु जी को पीले वस्त्र, पीले फूल, पीले रंग की पुष्प माला, मिठाई, फल आदि अर्पित करें.
  • जया एकादशी के दिन पीपल के वृक्ष को जल चढ़ाएं और उसके समीप देसी घी का दीपक जलाएं.

जया एकादशी व्रत की पूजा विधि

  • भगवान की धूप-दीप से आरती करें और तुलसी दल के साथ पंचामृत का भोग लगाएं.
  • भगवान विष्‍णु के मंत्रों का जप करें और मां लक्ष्‍मी की पूजा करें.
  • जया एकादशी के व्रत की कथा का पाठ करें.
  • इस दिन अनाज और फलों का दान भी करना चाहिए।
  • भगवान विष्णु को तुलसी दल मिलकर ही भोग लगाएं और आरती करें.

Jaya Ekadashi 2024: जया एकादशी व्रत कब है 19 या 20 फरवरी, जानें सही डेट, शुभ मुहूर्त-पूजा विधि और इस दिन का महत्व

जया एकादशी पूजा साम्रगी

  • काला तिल
  • तिल का लड्डू
  • तुलसी का पत्ता
  • पंजीरी
  • पंचामृत
  • केला
  • मौसमी फल
  • पान का पत्ता
  • सुपारी
  • पीला कपड़ा
  • पीला फूल
  • धूप
  • दीप
  • गोपी चंदन
  • रोली
  • अक्षत
  • एकादशी व्रत कथा की पुस्तक
  • भगवान श्री हरि विष्णु की प्रतिमा
  • गाय का घी
  • कपूर
  • हवन की सामग्री आदि।
विज्ञापन
Radheshyam Kushwaha

लेखक के बारे में

By Radheshyam Kushwaha

पत्रकारिता की क्षेत्र में 13 साल का अनुभव है. इस सफर की शुरुआत राज एक्सप्रेस न्यूज पेपर भोपाल से की. यहां से आगे बढ़ते हुए समय जगत, राजस्थान पत्रिका, हिंदुस्तान न्यूज पेपर के बाद वर्तमान में प्रभात खबर के डिजिटल विभाग में धर्म अध्यात्म एवं राशिफल डेस्क पर कार्यरत हैं. ज्योतिष शास्त्र, व्रत त्योहार, राशिफल के आलावा राजनीति, अपराध और पॉजिटिव खबरों को लिखने में रुचि हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola