ePaper

महाकुम्भ 2025 की हुई शुरुआत, जानें पुण्य काल समय

Updated at : 13 Jan 2025 4:33 PM (IST)
विज्ञापन
Mahakumbh 2025 started from today

Mahakumbh 2025 started

Mahakumbh 2025: आज से महाकुंभ का आयोजन प्रारंभ हो रहा है, जिसमें 14 जनवरी को पहला शाही स्नान किया जाएगा. शाही स्नान का विशेष महत्व और नियम होते हैं, जिनका पालन करने वाले व्यक्तियों को अमोघ फल की प्राप्ति होती है.

विज्ञापन

Mahakumbh 2025: भारत का सबसे प्रसिद्द मेला कुम्भ का मेला है यह आस्था का मेला है कुंभ मेले पर बन रहा है. ग्रहों का अद्भुत संयोग महाकुम्भ यह विश्व का सबसे प्रसिद्द मेला के रूप में जाना जाता है. यह मेला उतरप्रदेश के प्रयागराज में लगेगा ,जहां पर त्रिवेणी संगम स्थान है. महाकुम्भ हर 12 वर्ष के बाद यह आता है.

कैसे लगता है महाकुंभ का मेला

इस महाकुम्भ का आयोजन तिथि के अनुसार नही मनाया जाता है. यह मेला खगोलीय ग्रहों के चाल के अनुसार इसका दिन और तिथि का रखा जाता है. देवगुरु वृहस्पति और सूर्य की स्थति पर निर्भर करता है. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार जब वृहस्पति वृष राशि में रहते है और शनि कुम्भ राशि में ,सूर्य मकर राशि होते हैं,तब महाकुम्भ लगता है. इस मेले में स्नान दान का विशेष महत्व है. महाकुंभ में भारत के कई जगह से आए साधु संत सबसे पहले स्नान करते है फिर आम श्रद्धालु स्नान करते है .

महाकुंभ मेला 2025 की हुई शुरूआत

कब से आरंभ होगा महाकुंभ

महाकुंभ मेले की शुरुआत 13 जनवरी 2025, सोमवार से हो चुकी है. इस मेले का समापन 26 फरवरी 2025, महाशिवरात्रि के दिन होगा.

क्या है विशेषता

कुम्भ मेला 12 वर्षों के बाद एक विशेष संयोग में आयोजित किया जा रहा है. इस दिन का संबंध समुद्र मंथन से भी जोड़ा जाता है, जब देवताओं और दानवों ने अमृत के लिए संघर्ष किया था.कहा जाता है कि उस अमृत की कुछ बूंदें इस स्थान पर गिरी थीं, जिनका स्नान करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है. महाकुंभ के दिन ग्रहों की स्थिति इस प्रकार है: सूर्य, चंद्रमा, देवगुरु बृहस्पति और शनि शुभ स्थिति में हैं. समुद्र मंथन के समय भी ग्रहों की ऐसी ही स्थिति थी.

महाकुम्भ पर पूर्णिमा के साथ कई शुभ संयोग

महाकुम्भ के दिन पौष मास की पूर्णिमा का महत्व विशेष होता है. इस तिथि पर स्नान और दान करना, साथ ही ब्राह्मणों को भोजन कराना अत्यंत शुभ माना जाता है. इस दिन प्रातःकाल रवि योग का संयोग है, साथ ही भद्रा का प्रभाव भी रहेगा, जो सामान्य जीवन में सकारात्मक परिणाम लाएगा.

महाकुम्भ के दिन से इन राशि के लोगो को खुलेगा भाग्य

ग्रहों के शुभ संयोग के कारण मेष, वृष, सिंह और मकर राशि के जातकों को लाभ प्राप्त होगा. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इन राशियों का समय में परिवर्तन होगा और उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार आएगा. रुके हुए कार्य पूरे होंगे, नए प्रोजेक्ट में जो बाधाएं आई थीं, वे समाप्त होंगी, और आर्थिक स्थिति अनुकूल रहेगी. नौकरी में उन्नति और करियर में लाभ की संभावनाएं भी बढ़ेंगी.

जन्मकुंडली, वास्तु, तथा व्रत त्यौहार से सम्बंधित किसी भी तरह से जानकारी प्राप्त करने हेतु दिए गए नंबर पर फोन करके जानकारी प्राप्त कर सकते हैं.

ज्योतिषाचार्य संजीत कुमार मिश्रा
ज्योतिष वास्तु एवं रत्न विशेषज्ञ
8080426594/9545290847

विज्ञापन
Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

मैंने डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव हासिल किया है. पिछले 6 वर्षों से मैं विशेष रूप से धर्म और ज्योतिष विषयों पर सक्रिय रूप से लेखन कर रहा हूं. ये मेरे प्रमुख विषय हैं और इन्हीं पर किया गया काम मेरी पहचान बन चुका है. हस्तरेखा शास्त्र, राशियों के स्वभाव और उनके गुणों से जुड़ी सामग्री तैयार करने में मेरी निरंतर भागीदारी रही है. रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज से मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री प्राप्त करने के बाद. इसके साथ साथ कंटेंट राइटिंग और मीडिया से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में काम करते हुए मेरी मजबूत पकड़ बनी. इसके अलावा, एंटरटेनमेंट, लाइफस्टाइल और शिक्षा जैसे विषयों पर भी मैंने गहराई से लेखन किया है, जिससे मेरी लेखन शैली संतुलित, भरोसेमंद और पाठक-केंद्रित बनी है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola