सोशल मीडिया पर CM हेमंत सोरेन चुटकी में करते हैं समस्याओं का समाधान, कोरोना के दौर में भी ऐसे जनभागीदारी का जरिया बना Twitter व Facebook
Author : Prabhat Khabar Digital Desk Published by : Prabhat Khabar Updated At : 01 Jun 2021 4:26 PM
Jharkhand News, रांची न्यूज : झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मुख्यमंत्री का पदभार ग्रहण करने के साथ ही फेसबुक और ट्विटर को जनभागीदारी का सशक्त जरिया बनाया. वे आपकी है सरकार, साझा करें सरोकार के मंत्र को समस्या के त्वरित समाधान का तंत्र बना कर चल रहे हैं. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर हर जरूरतमंद को मदद पहुंचाने के लिए मुख्यमंत्री अधिकारियों को निर्देश देते रहे हैं, जिसका सीधा लाभ जनता को मिल रहा है.
Jharkhand News, रांची न्यूज : झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मुख्यमंत्री का पदभार ग्रहण करने के साथ ही फेसबुक और ट्विटर को जनभागीदारी का सशक्त जरिया बनाया. वे आपकी है सरकार, साझा करें सरोकार के मंत्र को समस्या के त्वरित समाधान का तंत्र बना कर चल रहे हैं. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर हर जरूरतमंद को मदद पहुंचाने के लिए मुख्यमंत्री अधिकारियों को निर्देश देते रहे हैं, जिसका सीधा लाभ जनता को मिल रहा है.
2020 के कोरोना संक्रमण के दौर में तो मुख्यमंत्री ने ट्वीटर के जरिये सबसे अधिक प्रवासी श्रमिकों और छात्रों को मदद पहुंचाई. संक्रमण की दूसरी लहर में भी मुख्यमंत्री इस माध्यम के जरिये लोगों तक मदद पहुंचाने को लेकर संजीदा रहे. मुख्यमंत्री ने कोरोना की दूसरी लहर में अनलॉक 1 को लेकर राज्यवासियों से सुझाव मांगे हैं. उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सुरक्षा सप्ताह में आपके दिए सहयोग से हमने कोरोना की दूसरे लहर पर काबू पा लिया है. जीवन और जीविका के इस संघर्ष में अब हमारा ध्यान जीविका पर है. अब आप बताएं कैसी होनी चाहिए अनलॉक 1 की प्रक्रिया. इसके बाद से लगातार लोगों के सुझाव आ रहे हैं.
मुख्यमंत्री ने फेसबुक और ट्विटर के जरिये सीबीएसई बोर्ड परीक्षा को लेकर छात्रों और अभिभावकों की राय मांगी थी. मुख्यमंत्री ने जानना चाहा कि संक्रमण के दौरान परीक्षा आयोजित की जाये या नहीं. इस पर राज्यवासियों की बहुत प्रतिक्रियाएं आईं. उसके आधार पर ही मुख्यमंत्री ने केंद्रीय रक्षा मंत्री, केंद्रीय शिक्षा मंत्री के साथ आयोजित बैठक में अपनी बातों को रखा.
झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को जानकारी दी गई कि राज अस्पताल में एक मरीज की मृत्यु के बाद बकाया बिल का भुगतान नहीं करने पर अस्पताल प्रबंधन मृतक के परिजनों को पार्थिव शरीर नहीं दे रहा है. इस पर मुख्यमंत्री ने गंभीरता दिखाते हुए परिजनों को शव सौंपने का निर्देश दिया था.
गुमला की सुकांति मिंज की आंख के पास घाव हो गया था, जो कैंसर का रूप लेने लगा था. जानकारी मिलने पर मुख्यमंत्री ने उपायुक्त गुमला को सुकांति के इलाज के लिए जरूरी व्यवस्था करने का आदेश दिया थी.
फतेहपुरा निवासी नीरज कुमार झा के गंभीर रूप से बीमार होने की जानकारी दी गई. संक्रमण काल में पीड़ित के परिजनों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था. डॉक्टरों ने किडनी ट्रांसप्लांट के लिए कहा था. परिजनों के पास इतने पैसे नहीं थे कि वे किडनी ट्रांसप्लांट करा सकें. जानकारी मिलने के बाद मुख्यमंत्री ने नीरज के इलाज के लिए सहायता करने का निर्देश दिया.
ऐसे ही रांची के बेड़ो स्थित सेरो गांव के लोग दूषित पानी पीने पर विवश थे, इससे गांव में बीमारियां फैल रही थीं. मुख्यमंत्री ने इस मामले पर संज्ञान लेते हुए गांव में पीने के पानी की उचित व्यवस्था करने को कहा था. इस तरह के अनेक उदाहरण हैं, जब मुख्यमंत्री ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म का उपयोग दूत के रूप में कर आम लोगों को राहत दी. ऑक्सीजन बेड उपलब्ध कराने की बात हो या गंभीर स्थिति से जूझ रहे मरीजों को मदद पहुंचाने की बात. मुख्यमंत्री संवेदनशीलता दिखाते हुए राज्य की जनता के सुख दुःख में हमेशा खड़े रहे.
Posted By : Guru Swarup Mishra
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










