तृणमूल की चुप्पी

Updated at : 30 Mar 2017 5:32 AM (IST)
विज्ञापन
तृणमूल की चुप्पी

भाजपा के विरुद्ध मुखर होकर बोलने वाली तृणमूल नेत्री एवं पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री ममता बनर्जी इन दिनों एकदम खामोश हैं. मणिपुर चुनाव में उनकी पार्टी के सुरेश सिंह को जीत हासिल हुई. वह भी भाजपा के समर्थन में चले गये. त्रिपुरा में 400 कार्यकर्ता पार्टी छोड़ कर भाजपा में चले गये. फिर भी कोई […]

विज्ञापन
भाजपा के विरुद्ध मुखर होकर बोलने वाली तृणमूल नेत्री एवं पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री ममता बनर्जी इन दिनों एकदम खामोश हैं. मणिपुर चुनाव में उनकी पार्टी के सुरेश सिंह को जीत हासिल हुई.
वह भी भाजपा के समर्थन में चले गये. त्रिपुरा में 400 कार्यकर्ता पार्टी छोड़ कर भाजपा में चले गये. फिर भी कोई प्रतिक्रिया नहीं. कहीं यह नारदा स्टिंग ऑपरेशन का कमाल तो नहीं! जिसके तहत पिछले दो सालों में तृणमूल के 12 मंत्री एवं नेता घूस लेते कैमरे में पकड़े गये. सीबीआई जांच के आदेश दिया जा चुका है. आखिर तृणमूल भी उन्हीं परंपरागत राजनीतिक बिरादरी का हिस्सा हो गयी है, जो सेवा के नाम से तो आये थे, मगर भटक गये.
जंग बहादुर सिंह, गोलपहाड़ी
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola